Bhopal Green Protest: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में अयोध्या बायपास रोड को 10 लेन बनाने की योजना के तहत बड़ी संख्या में पेड़ों को काटने का प्रस्ताव रखा गया है। इस मामले को लेकर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने फिलहाल पेड़ों की कटाई पर रोक लगा दी है। एनजीटी ने अगले आदेश तक किसी भी तरह की पेड़ कटाई न करने के निर्देश दिए हैं। अब इस पूरे मामले पर आठ जनवरी को सुनवाई की जाएगी।
8 से 12 हजार पेड़ों पर संकट
बता दें कि राजधानी के अयोध्या बायपास रोड को 10 लेन में बदला जाना है, जिसके चलते आठ से 12 हजार पेड़ कटने की आशंका जताई जा रही है। पेड़ों की कटाई का सिलसिला भी शुरू हो गया है और इसका विरोध भी हो रहा है।

वहीं, इसके खिलाफ नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल में भी याचिका दायर की गई। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल में दायर की गई याचिका पर न्यायाधीश पुष्पा सत्यनारायण ने पेड़ कटाई पर रोक लगा दी है और इस मामले पर अगली सुनवाई आठ जनवरी को निर्धारित की गई है। दायर की गई याचिका में कहा गया है कि 16 किलोमीटर का लंबा रास्ता है जिसे 10 लेन बनाया जाना है, जो आश्रम तिराहे से करोंद होते हुए रत्नागिरी तिराहा तक है और इसके चलते आठ से 12 हजार पेड़ काटे जाने हैं।
Bhopal Green Protest: NHAI की परियोजना को लेकर भोपाल में बढ़ा विरोध
यह परियोजना नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अंतर्गत आती है। अयोध्या बायपास पर प्रस्तावित 10 लेन सड़क के लिए बड़ी संख्या में पेड़ों की कटाई का प्रस्ताव सामने आने के बाद राजधानी भोपाल में इसका लगातार विरोध हो रहा है। विरोध की एक बड़ी वजह यह भी है कि इससे पहले बीआरटीएस, स्मार्ट सिटी और कोलार सिक्स लेन जैसी परियोजनाओं के लिए पहले ही हजारों पेड़ काटे जा चुके हैं।

कांग्रेस का चिपको आंदोलन
लगातार हो रही पेड़ कटाई का सीधा असर शहर के पर्यावरण पर पड़ रहा है। राजधानी की हवा की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है और गर्मी के मौसम में तापमान में भी तेजी से बढ़ोतरी देखी जा रही है।इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस पार्टी भी सड़क पर उतर आई है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पेड़ों से चिपककर चिपको आंदोलन किया और मास्क पहनकर प्रदर्शन करते हुए पेड़ कटाई का विरोध जताया।







