Mohan Yadav: केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा के स्थान पर विकसित भारत जी रामजी योजना लागू किए जाने को लेकर कांग्रेस के विरोध पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। भोपाल, 7 जनवरी (आईएएनएस)। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस को यदि इस योजना में कोई कमी नजर आती है तो उसे तथ्यों के साथ सामने आना चाहिए। केवल विरोध के लिए विरोध करना उचित नहीं है और विपक्ष को सकारात्मक भूमिका निभानी चाहिए।
ग्रामीणों को मिलेंगे अधिक लाभ
भोपाल में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि जी रामजी योजना से ग्रामीणों को पहले की तुलना में अधिक लाभ मिलेगा। जहां मनरेगा में 100 दिन का रोजगार मिलता था, वहीं नई योजना के तहत 125 दिन का काम उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि ग्राम पंचायतों के सुझावों के आधार पर कार्य तय किए जाएंगे, जिनमें गोशाला निर्माण, तालाब निर्माण जैसे कार्य भी शामिल होंगे।
Mohan Yadav: रोजगार बढ़ाने पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य इस योजना के माध्यम से रोजगार के अवसरों को बढ़ाना है। इसके तहत गोपालन, मछली पालन और कुटीर उद्योग जैसे क्षेत्रों को भी योजना से जोड़ा जाएगा, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और लोगों की आय में वृद्धि होगी।
योजना से जुड़े वित्तीय प्रावधान
सीएम मोहन यादव ने बताया कि जी रामजी योजना को राज्य के 15 विभागों से जोड़ा जा रहा है। इसमें केंद्र और राज्य के बीच 60:40 के अनुपात में वित्तीय सहयोग का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस हिस्सेदारी के लिए सक्षम है और योजना को मध्य प्रदेश में पहले ही लागू किया जा चुका है।







