PM MODI: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘ईटी नाउ ग्लोबल बिजनेस समिट-2026’ में कहा कि वैश्विक आर्थिक वृद्धि में भारत का योगदान 16 प्रतिशत तक पहुंच चुका है और आने वाले वर्षों में यह हिस्सेदारी और बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि भारत अब केवल एक बड़ा बाजार नहीं, बल्कि दुनिया की तरक्की को गति देने वाला “ग्रोथ इंजन” बन चुका है।
तेजी से उभरती अर्थव्यवस्था
प्रधानमंत्री ने बताया कि एक दशक पहले भारत दुनिया की 11वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था था, जबकि अब तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उनके अनुसार द्वितीय विश्व युद्ध के बाद बना वैश्विक आर्थिक ढांचा बदल रहा है और नई व्यवस्थाओं में भारत महत्वपूर्ण नेतृत्वकारी भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि 21वीं सदी के बड़े वैश्विक बदलावों का केंद्र भारत बनने जा रहा है।
PM MODI: सुधारों की नई नीति और एफटीए
उन्होंने कहा कि पहले आर्थिक सुधार मजबूरी में होते थे, लेकिन अब सरकार विश्वास और दूरदृष्टि के साथ सुधार लागू कर रही है। भारत ने बीते 11 वर्षों में मजबूत मैन्युफैक्चरिंग आधार विकसित किया है और 38 देशों के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट किए हैं। इससे वैश्विक प्रतिस्पर्धा में भारत की स्थिति मजबूत हुई है।
डिजिटल इंडिया और यूपीआई क्रांति
प्रधानमंत्री ने डिजिटल भुगतान प्रणाली यूपीआई को वित्तीय समावेशन की बड़ी क्रांति बताया। उन्होंने कहा कि यह केवल एक ऐप नहीं, बल्कि नीति, प्रक्रिया और तकनीक का संगम है, जिसने करोड़ों लोगों को औपचारिक वित्तीय व्यवस्था से जोड़ा है और भारत के विकास मॉडल को दुनिया के सामने स्थापित किया है।
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