Cm yogi: यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कहा कि ‘वंदे मातरम्’ का अपमान करना देशद्रोह के समान है। उन्होंने समाजवादी पार्टी (SP) के अध्यक्ष अखिलेश यादव को सुझाव दिया कि वह आरएसएस के शाखाओं में जाकर उसके रिवाज और अनुशासन को समझें। योगी ने कहा, “अगर वह आरएसएस शाखाओं में जाने लगेंगे, तो सुबह जल्दी उठना सीखेंगे। यह उनके लिए फायदेमंद होगा और शायद उनके परिवार-प्रधान पार्टी की पहचान बनाए रखने में मदद भी करेगा।”
वंदे मातरम् का महत्व
मुख्यमंत्री ने ‘वंदे मातरम्’ को भारत की स्वतंत्रता संग्राम की मंत्र और संविधान सभा द्वारा 24 जनवरी 1950 को राष्ट्रीय गीत का दर्जा मिलने की याद दिलाई। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय गीत, राष्ट्रगान या तिरंगे का अपमान संविधान निर्माताओं, डॉ. भीमराव अंबेडकर और क्रांतिकारियों के अपमान के बराबर है, जिन्होंने ‘वंदे मातरम्’ का उच्चारण करते हुए फांसी का सामना किया। ऐसे कृत्य देशद्रोह के समान हैं।
Cm yogi: समाजवादी पार्टी पर निशाना
योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी पर भी कटाक्ष किया और कहा कि जिन्होंने अपने कार्यकाल में बदलाव नहीं लाया, वे अब नकारात्मक प्रचार के जरिए विकास को रोकने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “2017 से पहले यूपी में अराजकता, भ्रष्टाचार और भाई-भतीजावाद था। उसके बाद राज्य ने हर क्षेत्र में बदलाव देखा और आज यूपी देश की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं में से एक है।”
Cm yogi: शिवाजी महाराज की तुलना पर राय
छत्रपति शिवाजी महाराज और टीपू सुल्तान की तुलना पर पूछे जाने पर मुख्यमंत्री ने कहा, “शिवाजी महाराज एक राष्ट्रीय नायक हैं और किसी भी आक्रमणकारी के साथ उनकी तुलना नहीं की जा सकती, जिसने भारत की आस्था और आत्मा पर हमला किया।” उन्होंने आगरा में मुगल म्यूज़ियम का नाम बदलकर छत्रपति शिवाजी महाराज संग्रहालय रखने और 19 फरवरी को जन्मदिन समारोह में राज्य सरकार की भागीदारी का ऐलान किया।
धार्मिक बयान और राजनीतिक अवसरवाद
Cm yogi: धार्मिक मामलों और शंकराचार्य विवाद पर अखिलेश यादव द्वारा अपने पुराने नाम से संबोधन किए जाने के सवाल पर योगी ने कहा, “ये बयान सियासी अवसरवाद को दर्शाते हैं, असली आस्था को नहीं। वे आज किसी एक व्यक्ति का समर्थन करेंगे और कल किसी और का। यह विश्वास का मामला नहीं, बल्कि राजनीतिक सुविधा का मामला है।”
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