Imran Khan: रावलपिंडी की आतंकवाद विरोधी अदालत (एटीसी) ने पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पीटीआई संस्थापक इमरान खान की बहन अलीमा खान के खिलाफ दो साल पुराने मामले में जमानती गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। यह कार्रवाई 80,000 रुपये का जुर्माना न भरने और निर्धारित समय पर अदालत में पेश न होने पर की गई। जज अमजद अली शाह ने अदालत में देर से पेश होने पर अलीमा के खिलाफ सख्त कदम उठाते हुए अवमानना नोटिस भी जारी किया।
बेल बॉन्ड जब्त, गारंटर को नोटिस भेजा
अभियोजन पक्ष की प्रार्थना स्वीकार करते हुए कोर्ट ने अलीमा खान के 20 लाख रुपये के जमानती बॉन्ड जब्त करने का आदेश दिया है। इसके साथ ही रकम वसूली के लिए उनके गारंटर को नोटिस भेजा गया है। अदालत ने यह भी कहा कि अलीमा को दो बार बुलाया गया था, लेकिन आरोपी पक्ष की ओर से समय पर पेशी नहीं हुई।
Imran Khan: क्या है डी-चौक विरोध प्रदर्शन का मामला?
एटीसी में चल रहा मामला 26 नवंबर 2023 को इस्लामाबाद के हाई-सिक्योरिटी एरिया डी-चौक में हुए सरकार विरोधी प्रदर्शन से जुड़ा है। अलीमा खान पर आरोप है कि उन्होंने सरकार के खिलाफ नारे लगाए, तोड़फोड़ और पत्थरबाजी की तथा प्रदर्शनकारियों को उकसाने में भूमिका निभाई। यह विरोध इमरान खान के उस “फाइनल कॉल” का हिस्सा था, जिसमें उन्होंने चुनावी जनादेश बहाल करने, जेल में बंद पार्टी नेताओं की रिहाई और 26वें संशोधन को रद्द करने की मांग की थी।
अलीमा का बचाव: ‘विरोध शांतिपूर्ण था’
हालांकि सुनवाई के बाद अदालत में पहुंचीं अलीमा खान ने अपने बचाव में कहा कि उन्होंने पहले ही मीडिया के सामने शांतिपूर्ण विरोध की बात स्पष्ट की है। उन्होंने गवाहों की जरूरत पर भी सवाल उठाया। लेकिन अदालत ने उनके तर्कों को खारिज करते हुए कहा कि कानूनी प्रक्रिया में उनकी अनुपस्थिति गंभीर लापरवाही है।
Imran Khan: आगे की कार्रवाई
कोर्ट द्वारा जमानत बांड रद्द किए जाने और गिरफ्तारी वारंट जारी करने के बाद अब अलीमा खान को अदालत में उपस्थित होना अनिवार्य है। मामले की अगली सुनवाई में आगे की कानूनी कार्रवाई तय होगी।






