Israel Hezbollah Conflict: अमेरिका और इजरायल द्वारा किए गए हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत के बाद हालात और तनावपूर्ण हो गए हैं। इसके बाद दक्षिणी लेबनान में सक्रिय राजनीतिक और सशस्त्र संगठन हिजबुल्लाह ने इजरायल की ओर रॉकेट दागने शुरू कर दिए।
हिजबुल्लाह पर आतंकी आरोप
नवंबर 2024 में हुए संघर्ष विराम समझौते के बाद यह पहली बार है जब शिया मुसलमानों का प्रतिनिधित्व करने वाला हिजबुल्लाह दोबारा इजरायल पर हमला कर रहा है। इस घटनाक्रम के बीच लेबनान के प्रधानमंत्री नवाफ सलाम ने सोमवार को बयान दिया कि देश के दक्षिणी हिस्से से रॉकेट दागना इजरायल को जवाबी कार्रवाई जारी रखने का मौका दे सकता है। अमेरिका, इजरायल और यूरोपीय संघ के कुछ देश हिजबुल्लाह को एक आतंकी संगठन मानते हैं।
Israel Hezbollah Conflict: रॉकेट हमले गैर-जिम्मेदाराना कदम
प्रधानमंत्री नवाफ सलाम ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर, बिना किसी संगठन का नाम लिए, कहा कि चाहे इसके पीछे कोई भी समूह हो, दक्षिणी लेबनान से रॉकेट दागना गैर-जिम्मेदाराना कदम है। उन्होंने कहा कि ऐसे कृत्य लेबनान की सुरक्षा को खतरे में डालते हैं और इजरायल को हमले जारी रखने का बहाना देते हैं।

लेबनान से रॉकेट हमले, इजरायल की जवाबी कार्रवाई
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि देश को किसी नई समस्या में फंसने नहीं दिया जाएगा। सरकार दोषियों को रोकने और लेबनान के नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जरूरी कदम उठाएगी।
लेबनान में इजरायल की एयरस्ट्राइक
रॉकेट हमलों के जवाब में इजरायल ने लेबनान के उन इलाकों में हवाई हमले किए, जहां हिजबुल्लाह का प्रभाव माना जाता है। इजरायल डिफेंस फोर्स ने घोषणा की कि उसने पूरे लेबनान में उग्रवादियों के ठिकानों पर कार्रवाई शुरू कर दी है।
सेना के अनुसार, दागे गए रॉकेटों में से एक को वायु रक्षा प्रणाली ने हवा में ही रोक दिया, जबकि बाकी खुले क्षेत्रों में गिरे। रॉकेट लॉन्च होते ही उत्तरी इजरायल के कई इलाकों में एयर रेड सायरन बजने लगे।
इजरायल की मैगन डेविड एडोम रेस्क्यू सेवा ने बताया कि हमलों में तत्काल किसी की मौत की सूचना नहीं है। हालांकि, सुरक्षित स्थानों की ओर भागते समय कुछ लोगों को हल्की चोटें आईं।
सीमा पर सेना की तैनाती मजबूत
इजरायली डिफेंस फोर्स ने कहा कि हिजबुल्लाह द्वारा रॉकेट दागे जाने के तुरंत बाद, पहले से बनाई गई योजना के तहत बेरूत और दक्षिणी लेबनान में हवाई हमले शुरू किए गए। इन हमलों में वरिष्ठ संचालकों, मुख्यालयों और कथित आतंकी ढांचे को निशाना बनाया गया। इजरायल ने दक्षिणी और पूर्वी लेबनान में लगातार हवाई कार्रवाई जारी रखी और दावा किया कि ये कदम संभावित खतरों को रोकने के लिए उठाए जा रहे हैं।
लेबनान में हमलों के बाद उत्तरी कमान के प्रमुख मेजर जनरल रफी मिलो ने कहा कि हिजबुल्लाह ने लेबनान की सरकार की बजाय ईरान का साथ चुना और आम नागरिकों पर हमला शुरू किया। उन्होंने कहा कि सेना पूरी तरह तैयार थी और इसके परिणाम गंभीर होंगे।
इजरायल डिफेंस फोर्स ने अपने नागरिकों को भरोसा दिलाया कि वह रक्षा और जवाबी कार्रवाई, दोनों के लिए तैयार है। सेना ने कहा कि उत्तरी क्षेत्र के लोगों की सुरक्षा जारी रहेगी। सीमा पर सैनिकों की तैनाती मजबूत कर दी गई है और अतिरिक्त बलों को भी तैयार रखा गया है।
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