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जामिया यूनिवर्सिटी के एग्जाम में सवाल बना विवाद, प्रोफेसर निलंबित

जामिया मिल्लिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी एक बार फिर विवादों के घेरे में आ गई है। इस बार विवाद की वजह परीक्षा में पूछा गया एक सवाल है। छात्र संगठन ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) ने आरोप लगाया था कि छात्राओं समेत करीब 20 विद्यार्थियों को जबरन परिसर से बाहर ले जाकर पुलिस को सौंपा गया। संगठन ने इस कार्रवाई को “अपहरण जैसी घटना” करार दिया था।

Jamia university: जामिया मिल्लिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी एक बार फिर विवादों के घेरे में आ गई है। इस बार विवाद की वजह परीक्षा में पूछा गया एक सवाल है, जिसने सोशल मीडिया से लेकर राजनीतिक गलियारों तक हलचल मचा दी है।

परीक्षा में पूछा गया विवादित सवाल

दरअसल, जामिया के BA (Hons) सोशल वर्क डिपार्टमेंट के सेमेस्टर-1 की परीक्षा में एक ऐसा सवाल पूछा गया, जिस पर सवाल उठने लगे। परीक्षा पत्र में छात्रों से पूछा गया, “भारत में मुस्लिम अल्पसंख्यकों पर अत्याचार की उदाहरण सहित व्याख्या करें?” इस सवाल की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल होते ही विवाद शुरू हो गया। कई लोगों ने इसे एकतरफा और वैचारिक एजेंडे से जुड़ा बताया।

Jamia university: सोशल मीडिया पर मचा बवाल

सवाल सामने आते ही सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कई यूज़र्स ने सवाल को अकादमिक मर्यादाओं के खिलाफ बताया, जबकि कुछ लोगों ने यूनिवर्सिटी प्रशासन से इस पर तत्काल कार्रवाई की मांग की।

Jamia university: प्रोफेसर निलंबित, जांच समिति गठित

विवाद बढ़ने पर जामिया प्रशासन ने एक्शन लेते हुए सोशल वर्क डिपार्टमेंट के प्रोफेसर वीरेंद्र बालाजी को निलंबित कर दिया। इसके साथ ही पूरे मामले की जांच के लिए एक कमेटी बनाई गई है। जांच पूरी होने तक प्रोफेसर निलंबन में रहेंगे।

पहले भी विवादों में रह चुकी है जामिया

यह पहला मौका नहीं है जब जामिया विवादों में आई हो। इससे पहले बटला हाउस मुठभेड़ की बरसी पर निकाले गए विरोध मार्च के दौरान कई छात्रों को पुलिस हिरासत में लिया गया था।

छात्र संगठन के गंभीर आरोप

Jamia university: छात्र संगठन ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) ने आरोप लगाया था कि छात्राओं समेत करीब 20 विद्यार्थियों को जबरन परिसर से बाहर ले जाकर पुलिस को सौंपा गया। संगठन ने इस कार्रवाई को “अपहरण जैसी घटना” करार दिया था।

 

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