Lalu Yadav: दिल्ली हाईकोर्ट सोमवार को बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव की याचिका पर सुनवाई करेगा। इस याचिका में उन्होंने आईआरसीटीसी होटल घोटाला मामले में उनके और उनके परिवार के सदस्यों के खिलाफ निचली अदालत द्वारा तय किए गए आपराधिक आरोपों को चुनौती दी है। मामला न्यायमूर्ति स्वर्ण कांता शर्मा की पीठ के समक्ष सूचीबद्ध है।
निचली अदालत के आरोप तय करने के आदेश को दी चुनौती
लालू यादव की आपराधिक पुनरीक्षण याचिका में राउज एवेन्यू कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी गई है, जिसमें 13 अक्टूबर को लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव के खिलाफ आईपीसी की धाराओं 420, 120बी और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 13(2) के तहत आरोप तय किए गए थे। याचिका में दावा किया गया है कि आरोप तय करने के लिए पर्याप्त आधार मौजूद नहीं हैं।
Lalu Yadav: CBI का आरोप: पद के दुरुपयोग से मिला लाभ
सीबीआई के अनुसार, यह मामला 5 जुलाई 2017 को दर्ज हुआ था। एजेंसी ने आरोप लगाया है कि रेल मंत्री रहते हुए लालू यादव ने आईआरसीटीसी के रांची और पुरी स्थित बीएनआर होटलों की लीज में अनियमितताएं कीं और कोचर ब्रदर्स को अनुचित लाभ पहुंचाया। इसके बदले में पटना की कीमती जमीन लालू परिवार से जुड़ी कंपनियों के नाम स्थानांतरित की गई। जांच पूरी होने के बाद सीबीआई ने लालू परिवार समेत कुल 15 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी।
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