Mahashivratri: महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर निकलने वाली कांवड़ यात्रा को सकुशल, शांतिपूर्ण और सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस और जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। सुरक्षा व्यवस्था को अंतिम रूप दे दिया गया है और जिलेभर में व्यापक इंतज़ाम किए गए हैं। इसी क्रम में कांवड़ यात्रा के मद्देनज़र अमरोहा जिले को चार सुपर जोन, 12 जोन और 71 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। प्रत्येक सुपर जोन, जोन और सेक्टर में पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती की गई है, ताकि किसी भी स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। राष्ट्रीय राजमार्गों, मुख्य कांवड़ मार्गों, शिवालयों और संवेदनशील स्थानों पर चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात रहेगा।
सीसीटीवी कैमरों से पैनी नजर
सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन कैमरों का सहारा लिया जाएगा। ड्रोन के माध्यम से भीड़ और यातायात पर पैनी नजर रखी जाएगी, वहीं संदिग्ध गतिविधियों पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इसके अलावा, सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों को भी कांवड़ यात्रा मार्ग पर तैनात किया गया है, ताकि असामाजिक तत्वों पर नजर रखी जा सके।
पुलिस अधीक्षक अमित कुमार आनंद ने बताया कि कांवड़ यात्रा को लेकर सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के साथ-साथ यातायात व्यवस्था को भी सुचारू बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
Mahashivratri: रूट डायवर्जन प्लान भी होगा लागू
गौरतलब है कि महाशिवरात्रि का पर्व अमरोहा जिले में श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया जाता है। इस दौरान बड़ी संख्या में शिवभक्त हरिद्वार से मां गंगा का पवित्र जल लेकर अमरोहा जिले से होकर अपने गंतव्यों की ओर जाते हैं। कांवड़ यात्रा की शुरुआत 2 फरवरी से हो चुकी है, जबकि 15 फरवरी को महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाएगा। आने वाले एक सप्ताह में हरिद्वार से लौटने वाले कांवड़ियों की संख्या में तेजी आने की संभावना है, जिससे जिले का माहौल ‘बम-बम भोले’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयकारों से गूंज उठेगा। भारी भीड़ और यातायात दबाव को देखते हुए प्रशासन द्वारा रूट डायवर्जन प्लान भी लागू किया जाएगा, ताकि आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
रिपोर्ट- मौ. अज़ीम







