Malda Political Update: विधायक हुमायूं कबीर की नई पार्टी ने मालदा जिले के वैष्णबनगर विधानसभा क्षेत्र से सिविक वॉलंटियर मुजकेरा बीबी को उम्मीदवार घोषित किया है। उम्मीदवार घोषित होते ही उन्हें सिविक वॉलंटियर के पद से हटा दिया गया। मुजकेरा बीबी ने कहा कि उन्हें इससे कोई अफसोस नहीं है और वे चुनावी लड़ाई को चुनौती मानते हुए जीत की उम्मीद रखती हैं।
मुजकेरा बीबी की पृष्ठभूमि और राजनीतिक शुरुआत
उम्मीदवार का नाम सामने आते ही मालदा पुलिस और राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई। हालांकि, नई पार्टी होने के कारण तृणमूल कांग्रेस और भाजपा ने इस घटनाक्रम को ज्यादा तवज्जो नहीं दी।
मुजकेरा बीबी वैष्णबनगर विधानसभा क्षेत्र के बिननगर-1 ग्राम पंचायत की रहने वाली हैं। उनके पति कुर्बान अंसारी सामाजिक कार्यकर्ता हैं और 2021 में वैष्णबनगर विधानसभा से निर्दलीय उम्मीदवार रह चुके हैं। मुजकेरा बीबी पहले कालियाचक थाना क्षेत्र में सिविक वॉलंटियर के रूप में काम कर रही थीं। नई पार्टी के गठन के मौके पर मुर्शिदाबाद में हुमायूं कबीर के मंच पर भी वे मौजूद थीं, जहां उन्हें वैष्णबनगर से उम्मीदवार घोषित किया गया।

Malda Political Update: पहला राजनीतिक अनुभव और जीत का विश्वास
मुजकेरा बीबी ने बताया कि यह उनका पहला राजनीतिक अनुभव है और वे हुमायूं कबीर को अपना राजनीतिक गुरु मानती हैं। उम्मीदवार बनने के बाद उन्हें सिविक वॉलंटियर के पद से हटा दिया गया, लेकिन उन्हें इससे कोई दुःख नहीं है। उन्होंने कहा कि पार्टी के नेता हुमायूं कबीर जो भी निर्देश देंगे, वे उसी के अनुसार काम करेंगी और जीत को लेकर पूरी तरह आश्वस्त हैं।
मुजकेरा बीबी के पति कुर्बान अंसारी ने कहा कि 2026 के विधानसभा चुनाव में उनकी मुख्य चुनौती भाजपा होगी, तृणमूल कांग्रेस को वे कोई बड़ा फैक्टर नहीं मानते। उन्होंने दावा किया कि तृणमूल तीसरे स्थान पर रहेगी। उन्होंने यह भी कहा कि पिछले पांच वर्षों में वैष्णबनगर में कोई विकास कार्य नहीं हुआ और तृणमूल कांग्रेस ने अल्पसंख्यकों के वोट लेकर कोई ठोस काम नहीं किया।
अन्य दलों की प्रतिक्रिया और जनता की भूमिका
इस घटनाक्रम पर विभिन्न दलों की प्रतिक्रियाएं भी सामने आई हैं। एआईएमआईएम के जिला अध्यक्ष रेजाउल करीम ने कहा कि कौन किस पार्टी में है, उन्हें फर्क नहीं पड़ता। मतदान के दिन ही जनता तय करेगी कि किसे समर्थन दिया गया।
मालदा जिला तृणमूल कांग्रेस के प्रवक्ता आशीष कुंडू ने हुमायूं कबीर पर हमला करते हुए कहा कि उनकी बातें अस्थिर मानसिकता की तरह बदलती रहती हैं। उन्होंने दावा किया कि जब हुमायूं कबीर खुद चुनाव लड़ेंगे तो उन्हें नोटा से भी कम वोट मिलेंगे।
भाजपा का लक्ष्य 2026 में सत्ता परिवर्तन
दक्षिण मालदा भाजपा के सह-उपाध्यक्ष तारक घोष ने कहा कि हुमायूं कबीर की पार्टी असल में तृणमूल कांग्रेस की ही एक शाखा है। उन्होंने कहा कि भाजपा का लक्ष्य 2026 के विधानसभा चुनाव में इस सरकार को सत्ता से बाहर करना है।
Report By: Pijush






