Muzaffarnagar News: उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जनपद में हनीट्रैप का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है जहां रंगरलियां मनाने पहुंचे दो किसानों को गैंग ने जाल में फंसाकर न सिर्फ उनकी आपत्तिजनक वीडियो बना ली बल्कि बलात्कार के झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर उनसे 3 लाख रुपये भी वसूल लिए। पुलिस ने इस गैंग के दो सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है जबकि दो महिलाओं सहित चार आरोपी अभी फरार हैं।
रंगरलियों के बहाने बुलाया फिर हुई साजिश
जानकारी के अनुसार मामला बुढ़ाना कोतवाली क्षेत्र का है। यहां रहने वाले किसान फिरोज मलिक ने थाने में तहरीर देते हुए बताया कि उनकी जान-पहचान सना नाम की एक महिला से हुई थी। सना ने उनसे वीडियो कॉल के जरिए संपर्क किया और 7 जनवरी को मिलने के लिए बुलाया। फिरोज मलिक अपने एक दोस्त के साथ सना द्वारा बताए गए स्थान पर पहुंच गए। आरोप है कि वहां पहले से ही एक कमरा तय था जहां महिला ने उन्हें बहला-फुसलाकर आपत्तिजनक स्थितियों में जाने के लिए उकसाया। इसी दौरान योजनाबद्ध तरीके से उनके कपड़े उतरवाए गए और मोबाइल फोन से उनकी अश्लील फोटो व वीडियो रिकॉर्ड कर ली गई।
Muzaffarnagar News: वीडियो वायरल और रेप केस की धमकी फिर वसूले 3 लाख
पीड़ित किसान के मुताबिक जैसे ही उनकी आपत्तिजनक वीडियो बन गई अचानक चार युवक कमरे में घुस आए। इन लोगों ने खुद को महिला के परिचित बताते हुए दोनों किसानों को घेर लिया और धमकाने लगे। गैंग के सदस्यों ने धमकी दी कि या तो वे पैसे दें वरना उनकी अश्लील वीडियो और फोटो सोशल मीडिया पर वायरल कर दी जाएगी और उन पर बलात्कार का झूठा मुकदमा दर्ज करा दिया जाएगा। डर और बदनामी के खौफ के कारण पीड़ित किसानों ने अपने रिश्तेदारों से किसी तरह पैसे की व्यवस्था की। गैंग ने उनसे लगभग 3 लाख रुपये अलग-अलग यूपीआई ट्रांजैक्शन और कैश के रूप में वसूल लिए। जान और इज्जत बचाने के लिए मजबूर किसानों ने रकम दे दी और वहां से किसी तरह वापस लौट आए।
पुलिस के पास पहुंचे पीड़ित दो आरोपी गिरफ्तार
घटना से संभलने के बाद पीड़ित किसान फिरोज मलिक और उसका साथी सीधे बुढ़ाना थाने पहुंचे और पूरी बात पुलिस को बताई। शिकायत मिलते ही पुलिस ने हनीट्रैप व वसूली के मामले में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। एसपी ग्रामीण आदित्य बंसल ने बताया कि मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस टीमों को सक्रिय किया गया। जांच के दौरान पुलिस ने गैंग के दो एक्टिव सदस्य उस्मान पुत्र अकरम और शमशु पुत्र आबाद को गिरफ्तार कर लिया। दोनों आपस में जीजा-साला बताए जा रहे हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से ठगी के 2 लाख रुपये भी बरामद किए हैं।
पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने पुलिस को चौंकाने वाली जानकारी दी। एसपी ग्रामीण के अनुसार यह गैंग कुल छह लोगों का है जिसमें दो महिलाएं भी शामिल हैं। आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे अपनी ही पत्नियों को हनीट्रैप के लिए इस्तेमाल करते हैं। महिलाएं पहले टारगेट से संपर्क बनाती हैं फिर उन्हें संबंध बनाने के नाम पर बुलाकर कमरे में ले जाया जाता है जहां पूरी साजिश पहले से तैयार रहती है। कमरे के अंदर कपड़े उतरवाने के बाद अचानक गैंग के अन्य सदस्य घुस आते हैं आपत्तिजनक फोटो और वीडियो बनाते हैं और फिर बदनामी व रेप केस की धमकी देकर पीड़ित से मोटी रकम वसूलते हैं। पुलिस के मुताबिक इस वारदात में दो महिलाएं सहित चार आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई है।
पुलिस की अपील ऐसे जाल से रहें सावधान
एसपी ग्रामीण आदित्य बंसल ने लोगों से अपील की है कि इस तरह के किसी भी संदिग्ध संपर्क वीडियो कॉल या संबंधों के लालच में न पड़ें। उन्होंने कहा कि हनीट्रैप गैंग पहले आसान शिकार ढूंढते हैं फिर दोस्ती और संबंध के बहाने जाल बिछाकर ब्लैकमेलिंग और ठगी करते हैं। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि फरार आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर पूरे गैंग का भंडाफोड़ किया जाएगा।







