Nobel Peace Prize: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर नोबेल शांति पुरस्कार को लेकर बड़ा दावा किया है। ट्रंप का कहना है कि उन्होंने कई बड़े युद्धों को रोककर लाखों लोगों की जान बचाई है, इसलिए वे नोबेल शांति पुरस्कार के हकदार हैं। उन्होंने भारत-पाकिस्तान के बीच संभावित युद्ध टलने का भी जिक्र किया।
ट्रंप का दावा: “आठ बड़े युद्ध रुकवाए”
व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा कि उन्होंने ऐसे संघर्षों को खत्म कराया जो दशकों से चल रहे थे। उनके मुताबिक, कुछ युद्ध 25 से 36 साल पुराने थे। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि उन्होंने कई मामलों में सेना का इस्तेमाल किए बिना ही कूटनीति और दबाव के जरिए हालात संभाले।
Nobel Peace Prize: भारत-पाक तनाव का उदाहरण क्यों देते हैं ट्रंप?
डोनाल्ड ट्रंप ने दक्षिण एशिया को दुनिया के सबसे संवेदनशील इलाकों में से एक बताया। उन्होंने कहा कि अमेरिका की पहल से भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ता तनाव युद्ध में बदलने से पहले ही रुक गया। ट्रंप के मुताबिक, उस वक्त हालात बेहद गंभीर थे और परमाणु हथियारों के इस्तेमाल का खतरा भी था, लेकिन संकट को तेजी से शांत कर लिया गया।
पाक प्रधानमंत्री के बयान का भी किया जिक्र
ट्रंप ने दावा किया कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने सार्वजनिक रूप से कहा था कि ट्रंप की वजह से भारत-पाक टकराव टला और करीब एक करोड़ लोगों की जान बची। ट्रंप के अनुसार, यही उपलब्धियां नोबेल शांति पुरस्कार के लिए काफी हैं।
ओबामा पर तंज: “उन्हें खुद नहीं पता क्यों मिला नोबेल”
ट्रंप ने पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा से अपनी तुलना करते हुए कहा कि ओबामा को राष्ट्रपति बनने के कुछ ही समय बाद नोबेल शांति पुरस्कार मिल गया था। ट्रंप ने तंज कसते हुए कहा कि ओबामा को भी नहीं पता कि उन्हें वह सम्मान किस वजह से दिया गया।
Nobel Peace Prize: क्यों बार-बार नोबेल की बात करते हैं ट्रंप?
ट्रंप का मानना है कि उनकी विदेश नीति की सबसे बड़ी उपलब्धि युद्ध रोकना है, न कि युद्ध लड़ना। वे बार-बार यह बात इसलिए दोहराते हैं क्योंकि: उन्हें लगता है कि उनकी कूटनीतिक सफलताओं को वैश्विक स्तर पर मान्यता नहीं मिली, वे खुद को “युद्ध रोकने वाला नेता” के रूप में स्थापित करना चाहते हैं और नोबेल पुरस्कार उनकी विदेश नीति की वैधता को मजबूत करता है।
नोबेल शांति पुरस्कार क्या है?
नोबेल शांति पुरस्कार दुनिया का सबसे प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय सम्मान है। यह हर साल उस व्यक्ति या संस्था को दिया जाता है जिसने: विश्व शांति में अहम योगदान दिया हो, युद्ध रोकने या संघर्ष कम करने में भूमिका निभाई हो, मानवाधिकार, कूटनीति या शांति प्रयासों को बढ़ावा दिया हो और यह पुरस्कार नॉर्वे की नोबेल कमेटी द्वारा दिया जाता है।
Nobel Peace Prize: नोबेल शांति पुरस्कार मिलने से क्या फायदा होता है?
वैश्विक प्रतिष्ठा: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नैतिक और राजनीतिक प्रभाव बढ़ता है
इतिहास में नाम दर्ज: नेता को शांति के प्रतीक के रूप में याद किया जाता है
नीतियों को समर्थन: भविष्य की कूटनीतिक पहल को मजबूती मिलती है
पुरस्कार राशि: विजेता को एक बड़ी धनराशि भी दी जाती है (हालांकि कई विजेता इसे दान कर देते हैं)
“पुरस्कार नहीं, जानें बचाना अहम”
ट्रंप ने कहा कि वे पुरस्कार के पीछे नहीं भागते, लेकिन अगर कोई नेता युद्ध रोकता है और लोगों की जान बचाता है, तो सैद्धांतिक रूप से उसे नोबेल शांति पुरस्कार मिलना चाहिए। उनके अनुसार, परमाणु हथियारों वाले देशों के बीच तनाव रोकना सबसे बड़ी उपलब्धि है।
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