Republic Day 2026: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कर्तव्य पथ पर राष्ट्रीय ध्वज फहराकर देश का 77वां गणतंत्र दिवस समारोह शुरू किया। जैसे ही तिरंगा फहराया गया, राष्ट्रगान की मधुर धुन गूंजी और 105 मिमी लाइट फील्ड गनों से 21 तोपों की सलामी दी गई, जिससे पूरे माहौल में देशभक्ति की भावना छा गई।
मुख्य अतिथियों का स्वागत
राष्ट्रपति के साथ यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दोनों अतिथियों का स्वागत किया। परंपरा अनुसार राष्ट्रपति और मुख्य अतिथियों को भारतीय सेना की वरिष्ठ रेजिमेंट द्वारा कर्तव्य पथ तक पहुंचाया गया। इस दौरान पीएम मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन का भी अभिनंदन किया।

Republic Day 2026: वंदे मातरम 150 वर्ष की झलक
इस साल की गणतंत्र दिवस परेड में ‘वंदे मातरम’ के 150 वर्षों की ऐतिहासिक झलक, देश की सैन्य ताकत और भारत की सांस्कृतिक विविधता का अनोखा संगम देखने को मिलेगा। परेड में ब्रह्मोस और आकाश मिसाइलों जैसे आधुनिक हथियारों के साथ 30 रंग-बिरंगी झांकियां भी शामिल होंगी।
यह परेड पिछले साल हुए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद पहली बार आयोजित की जा रही है, जिसमें अत्याधुनिक रक्षा प्लेटफॉर्म और 29 विमानों का शानदार फ्लाईपास्ट प्रमुख आकर्षण होगा। फ्लाईपास्ट में राफेल, सुखोई-30, पी-8आई, सी-295, मिग-29, अपाचे, एलसीएच, एएलएच और एमआई-17 जैसे विमान अलग-अलग संरचनाओं में अपने करतब दिखाएंगे। गणतंत्र दिवस परेड में लगभग 2,500 कलाकार सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ देंगे, जो ‘वंदे मातरम’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ की भावना को प्रदर्शित करेंगी।
विशेष अतिथियों की मौजूदगी
इस अवसर पर प्रधानमंत्री मोदी के रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के प्रतिभागी, कर्तव्य भवन के निर्माण में लगे श्रमिक, लखपति दीदी और लगभग 10,000 विशेष अतिथि परेड देखने पहुंचे। रक्षा मंत्रालय के अनुसार, इन अतिथियों में रोजगार सृजन, नवाचार, अनुसंधान, स्टार्टअप, स्वयं सहायता समूह और सरकारी योजनाओं में उत्कृष्ट योगदान देने वाले लोग शामिल हैं।







