ख़बर का असर

Home » उत्तर प्रदेश » Shahjahanpur News: अल्हागंज पुलिस की हैवानियत ‘मिशन शक्ति’ को कलंकित करने वाली सनसनीखेज वारदात आई सामने…

Shahjahanpur News: अल्हागंज पुलिस की हैवानियत ‘मिशन शक्ति’ को कलंकित करने वाली सनसनीखेज वारदात आई सामने…

Shahjahanpur News

Shahjahanpur News: अल्हागंज पुलिस की शर्मनाक करतूतों ने एक बार फिर “मिशन शक्ति” की पोल खोलकर रख दी है। जिस प्रदेश में महिला सुरक्षा की दुहाई खुले मंचों से दी जाती है, उसी प्रदेश की पुलिस बिना वारंट, बिना वजह, गैर जनपद जाकर एक निर्दोष दंपति को घर से उठा लाती है, रास्ते में मारती है, लूटती है और थाने के अन्दर बंद कमरे की आड़ में महिला की इज्जत से खिलवाड़ करती है। यह घटना न सिर्फ योगी सरकार की नीतियों पर सवाल उठाती है, बल्कि इससे साफ जाहिर होता है कि कुछ पुलिसकर्मियों ने आम जन मानस की सुरक्षा के लिए नहीं, बल्कि गुंडागर्दी के लिए बर्दी पहन रखी है। पीड़िता ने जिलाधिकारी फर्रुखाबाद को दी,तहरीर में जो बयान दिए हैं, वह किसी भी इंसान का खून खौलाने के लिए काफी हैं।

अब पढ़े क्या है मामला? 

मूल रूप से अल्लाहगंज की रहने वाली पीड़िता तीन वर्ष से अपने पति के साथ फर्रुखाबाद स्थित आवास विकास कॉलोनी में रह रही है। कुछ समय से उसे अज्ञात नंबरों से पुरुष–महिला कॉल कर गाली–गलौज कर धमकाते थे। 13 नवंबर को कॉल करने वाली महिला अचानक गाली देकर फोन काट देती है। पूछने पर भी अपना नाम पता और परिचय नहीं बताती है, आधे घंटे बाद एक पुरुष फोन करके धमकी देता है—और कहता है कि मैं तुमसे मिलना चाहता हूं कहाँ मिलोगी जब महिला नाम पता पूछती है तो पुलिस कर्मी कहता है अभी वहीं आकर बताते हैं…और फिर शुरू होता है आतंक का सबसे काला अध्याय। पीड़िता के मुताबिक, 13 नवम्वर को शाम 4:30 बजे पीड़िता का पति नेत्रपाल सामान लेने बघार चौराहा के लिए निकला ही था कि काले रंग की बिना नंबर प्लेट की KIA कंपनी की गाड़ी उसके सामने आकर रुकती है। जिसमें मौजूद वर्दीधारी सिपाही अविनाश, दूसरा सिपाही ‘परमीत’ नाम से पुकारा जाता है और साधारण कपड़ों में महिला एसआई दीपा बाहर उतरती हैं। नेत्रपाल चूंकि अल्लाहगंज का मूल निवासी है तो वह उपरोक्त से पहले से ही परिचित होने के कारण उनके पास जाता है, तभी उसे जबरदस्ती गाड़ी में ठूंसकर मारपीट शुरू कर दी जाती है। इसके बाद तीनों पुलिसकर्मी नेत्रपाल को लेकर उसके फर्रुखाबाद स्थित आवास विकास कॉलोनी में पीड़िता के घर में घुसते हैं और गंदे शब्दों, गालियों और हाथापाई के साथ महिला को अपमानित करते हैं।

Shahjahanpur News: पुलिसकर्मियों पर गालियाँ देने का आरोप 

पीड़िता का कहना है कि पुलिसकर्मी पीड़िता के पति को गाड़ी में छोड़कर कमरे में चढ़ आते हैं। मारपीट, धमकी और बदसलूकी के बीच रूम की तलाशी लेते हैं। दो साल के बच्चे के सामने पति–पत्नी की तलाशी ली जाती है,पति की जेब में रखे 3250 रुपये सिपाही अविनाश निकाल लेता है। इसके बाद पति पत्नी को जबरदस्ती गाड़ी में ठूंसकर अल्लाहगंज थाने ले जाया जाता है। रास्तेभर गाड़ी रोक रोक कर,अश्लील गाने बजाये जाते हैं, “अश्लील इशारे” किए जाते हैं और पति–पत्नी को बेरहमी से पीटा जाता है। ये कृत्य साबित करते हैं कि यह पुलिस नहीं, बल्कि बेखौफ गुंडों का गिरोह था जो वर्दी पहनकर महिला की अस्मिता से खेल रहा था। इसके बाद थाना अल्हागंज पहुँचते ही दंपति को थानाध्यक्ष कक्ष के पास वाले कंप्यूटर रूम में धकेला जाता है। यहाँ तीनों पुलिसकर्मी गंदी–गंदी गालियाँ देते हुए पति पत्नी को फिर पीटते हैं।आरोप यह भी है कि जब महिला एसआई दीपा कमरे से निकल जाती हैं तो सिपाही अविनाश और परमीत लाइट बंद कर पीड़िता के साथ छेड़छाड़ शुरू कर देते हैं। यह वही पुलिस है जो मंचों पर महिला सुरक्षा का बखान करती है!

पीड़िता के मुंह से यह शब्द निकलते हैं अगर महिला सिपाही न रोकती तो शायद हमारी इज्जत बच ही नहीं पाती यह बयान पुलिस की आत्मा पर किसी हथौड़े से चोट करने जैसा है। जब पीड़िता के परिजन थाने पहुंचे तो पुलिस कर्मियों ने तुरंत रंग बदल लिया। पति–पत्नी से जबरन लिखवाया गया कि हमारे साथ कुछ नहीं हुआ, सिर्फ पूछताछ के लिए लाया गया। पीड़िता के हस्ताक्षर भी जबरदस्ती कराए गए। मगर पुलिसकर्मियों का यह झूठ CCTV फुटेज से बेनकाब होने को तैयार है, क्योंकि पीड़िता का साफ कहना है कि —बघार चौराहा, आवास विकास कॉलोनी से लेकर हमारे कमरे और थाना अल्लाहगंज तक हर जगह कैमरे चल रहे थे, पूरा सच रिकॉर्ड है,यदि प्रशासन चाहे तो उपरोक्त घटना वाले दिन की निष्पक्ष जांच करवाई जाए जिससे कि पुलिस की वर्दी में गुंडागर्दी पर करने वालों की काली सच्चाई लोगों के सामने आ सके।

महिला ने की न्याय की मांग 

फिलहाल पीड़िता ने जिलाधिकारी फर्रुखाबाद और एसपी शाहजहांपुर को डाक से पत्र भेजकर तीनों पुलिस कर्मियों सिपाही अविनाश,सिपाही परमीत और महिला एसआई दीपा तोमर—के खिलाफ सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग की है। यह सिर्फ एक महिला की लड़ाई नहीं, बल्कि मिशन शक्ति के अस्तित्व का भी सवाल है। यदि इस मामले में त्वरित कार्रवाई नहीं होती तो यह साबित हो जाएगा कि वर्दी के भीतर छिपे भेड़िए किसी भी महिला की इज्जत को रौंद सकते हैं और सरकार की सारी योजनाएँ सिर्फ कागजों पर ही दम तोड़ती रहेंगी। वहीं अब प्रशासन के सामने एक बड़ा सवाल है कि या तो महिला को न्याय देकर वर्दी को सम्मान दिलाएँ, या फिर इस घटना को मनगढंत और झूठा करार देकर मिशन शक्ति के झूठे वादे और एक महिला की अस्मिता को तार तार किया जाए।

Report By: अरविन्द त्रिपाठी

ये भी पढ़े… Muzaffarnagar News: अनस ने पेट्रोल डालकर खुद को जलाया, वीडियो में पुलिस पर मारपीट और 5 लाख रुपए मांगने का लगाया आरोप

0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments

Share this post:

खबरें और भी हैं...

Live Video

लाइव क्रिकट स्कोर

khabar india YouTube posterKhabar India YouTube

राशिफल