Supporters: यौन उत्पीड़न मामले में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को इलाहाबाद उच्च न्यायालय से बड़ी राहत मिली है। अदालत ने उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है, जिसके बाद अविमुक्तेश्वरानंद और उनके समर्थकों ने इसे सत्य की जीत करार दिया। कोर्ट के फैसले पर समर्थकों के बीच खुशी की लहर है, और स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने इसे न्याय और सत्य की विजय बताया।
अविमुक्तेश्वरानंद की प्रतिक्रिया
अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने फैसले पर पहली प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “झूठ हमेशा हारता है और सत्य की जीत होती है। जो भी विजय पाना चाहता है, उसे सत्य के साथ खड़ा रहना चाहिए।” उन्होंने आगे कहा कि वे भविष्य में भी गौ सेवा के कार्यों में लगे रहेंगे। स्वामी ने अपनी बातों से समर्थकों को प्रेरित किया और न्याय की परिभाषा को स्पष्ट किया।
Supporters: समर्थकों की खुशी का माहौल
अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के समर्थक इस फैसले से काफी खुश हैं। राजन प्रसाद मिश्रा, एक प्रमुख समर्थक, ने कहा, “आज का दिन हमारे लिए बहुत बड़ी खुशी का है। हम कोर्ट का दिल से धन्यवाद करते हैं। यह फैसला आम जनता का कोर्ट और न्याय दोनों पर विश्वास बढ़ाता है।” एक अन्य समर्थक ने इसे ‘सत्यमेव जयते’ की जीत बताया, जिसमें अदालत के फैसले को पहली बार पोस्को के मामले में ऐसी राहत दी गई है।
उत्सव का माहौल
समर्थकों के बीच फैसले के बाद दीपावली जैसे उत्सव का माहौल है। एक महिला समर्थक ने बताया कि फैसले के बाद सभी बहुत खुश हैं और बैंड-बाजे के साथ उत्सव मनाने की तैयारी हो रही है। उन्होंने कहा, “हमें पहले से पता था कि फैसला हमारे पक्ष में होगा, और आज के फैसले ने हमारी उम्मीदों को सही साबित किया।”







