Tamil Nadu Election: आगामी तमिलनाडु विधानसभा चुनावों को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने शुक्रवार को राज्य में चुनावी व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी साझा करते हुए कहा कि चुनाव आयोग स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
राज्य में मतदाताओं की कुल संख्या 5.67 करोड़
सीईसी ने बताया कि तमिलनाडु में कुल 5 करोड़ 67 लाख पंजीकृत मतदाता हैं। इनमें 2.89 करोड़ महिला मतदाता, 2.77 करोड़ पुरुष मतदाता और 7,617 ट्रांसजेंडर वोटर्स शामिल हैं। इसके अलावा, 80 वर्ष से अधिक आयु के करीब 4 लाख वरिष्ठ नागरिक और 100 वर्ष से अधिक उम्र के 2,530 मतदाता राज्य में पंजीकृत हैं।
Tamil Nadu Election: एसआईआर से शुद्ध हुई सूची
ज्ञानेश कुमार ने कहा कि 27 अक्टूबर 2025 से 23 फरवरी 2026 तक मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) किया गया। इस दौरान मृत मतदाताओं, स्थानांतरित हो चुके लोगों और दोहरे नामों को सूची से हटाया गया, ताकि कोई भी पात्र मतदाता छूटे नहीं और कोई अपात्र शामिल न रहे।
234 विधानसभा सीटें, 188 सामान्य वर्ग के लिए आरक्षित
मुख्य चुनाव आयुक्त ने बताया कि तमिलनाडु में कुल 234 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र हैं। इनमें से 188 सीटें सामान्य वर्ग, 44 अनुसूचित जाति और 2 अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित हैं। इस बार पूरे राज्य में करीब 75,000 पोलिंग स्टेशन बनाए जाएंगे, जिनमें से लगभग 44,000 ग्रामीण क्षेत्रों में होंगे। प्रत्येक मतदान केंद्र पर औसतन 756 मतदाता होंगे, जिससे सुगम और बिना भीड़ वाली वोटिंग सुनिश्चित की जा सके।
Tamil Nadu Election: 100 प्रतिशत वेबकास्टिंग और महिला-प्रबंधित बूथ
पारदर्शिता बढ़ाने के लिए सभी पोलिंग स्टेशनों पर 100 प्रतिशत वेबकास्टिंग की जाएगी। 258 पोलिंग स्टेशन पूरी तरह महिला कर्मियों द्वारा संचालित होंगे, जबकि 47 पोलिंग स्टेशन दिव्यांग कर्मियों के प्रबंधन में रहेंगे। इसके अलावा, राज्यभर में 265 मॉडल पोलिंग स्टेशन भी बनाए जाएंगे। सीईसी ने बताया कि मतदाता मोबाइल के जरिए चुनावी प्रक्रिया से जुड़ी लगभग रियल-टाइम जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। वे उम्मीदवारों का विवरण, उनके हलफनामे, पोलिंग स्टेशन की लोकेशन और मतदाताओं की संख्या तक आसानी से देख सकेंगे।
प्रशासन और एजेंसियों के साथ व्यापक समीक्षा
पिछले दो दिनों में चुनाव आयोग ने जिला कलेक्टरों, एसपी, डीआईजी, आईजी, 24 प्रवर्तन एजेंसियों, राज्य सरकार, मुख्य सचिव और डीजीपी के साथ बैठकों के जरिए चुनावी तैयारियों की समीक्षा की है। ज्ञानेश कुमार ने कहा कि मतदाता सूची को शुद्ध करने में लगे सभी बूथ लेवल अधिकारियों, निर्वाचन अधिकारियों और जिला निर्वाचन अधिकारियों की भूमिका सराहनीय रही है और आयोग उनके प्रयासों की प्रशंसा करता है।
ये भी पढ़े… अधर्म-अन्याय हारता है, सच ही जीतता है’ : कोर्ट से बरी होने के बाद बोले केजरीवाल






