Turkman Gate demolition: दिल्ली के तुर्कमान गेट इलाके में फैज-ए-इलाही मस्जिद के आसपास अतिक्रमण हटाने को लेकर की गई दिल्ली नगर निगम (MCD) की कार्रवाई अब सियासी विवाद का रूप ले चुकी है। देर रात हुई बुलडोजर कार्रवाई के दौरान समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद मोहिबुल्लाह नदवी के मौके पर पहुंचने के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। सपा नेताओं ने इस कार्रवाई को असंवेदनशील बताते हुए प्रशासन की भूमिका पर सवाल खड़े किए हैं।
देर रात बुलडोजर कार्रवाई से बढ़ा तनाव
तुर्कमान गेट क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने के लिए एमसीडी की टीम देर रात पहुंची थी। कार्रवाई के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, लेकिन इसी बीच इलाके में तनाव की स्थिति बन गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि रात के समय बुलडोजर चलाए जाने से भय और अफरा-तफरी का माहौल पैदा हुआ।
Turkman Gate demolition: मोहिबुल्लाह नदवी की मौजूदगी पर उठा सवाल
रामपुर से सपा सांसद मोहिबुल्लाह नदवी कथित तौर पर रात करीब डेढ़ बजे घटनास्थल पर पहुंचे। इसके बाद उनके वहां पहुंचने को लेकर सवाल उठाए जाने लगे। भाजपा नेताओं ने इसे राजनीतिक हस्तक्षेप बताया, जबकि सपा ने इसे जनप्रतिनिधि का कर्तव्य करार दिया।
डॉ. एस. टी. हसन बोले- क्या उनके हाथ में पत्थर, कट्टा था?
सपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद डॉ. एस. टी. हसन नदवी के समर्थन में खुलकर सामने आए। उन्होंने कहा कि रात के अंधेरे में बुलडोजर लेकर जाना पूरी तरह गलत है और इससे हालात बिगड़ सकते थे। हसन ने सवाल उठाया कि अगर वहां अतिक्रमण था, तो उसे पहले रोका क्यों नहीं गया। जिन अधिकारियों की लापरवाही से स्थिति बनी, उन पर कार्रवाई होनी चाहिए। हसन ने कहा कि नदवी को वहां जाना चाहिए था. क्या उनके हाथ में पत्थर, कट्टा था? लेकिन आपने तो तमाशा बना दिया कि सपा का सांसद गया तो उछालो इसको.
Turkman Gate demolition: गृह मंत्री से कार्रवाई की मांग
डॉ. हसन ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मांग की कि इस पूरी कार्रवाई की निष्पक्ष जांच कराई जाए। उन्होंने कहा कि बिना संवाद और तैयारी के उठाए गए कदम से लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं और इससे सामाजिक तनाव बढ़ा है।
“सांसद का मौके पर जाना अपराध नहीं”
मोहिबुल्लाह नदवी का बचाव करते हुए हसन ने कहा कि एक सांसद होने के नाते उन्हें कहीं भी जाने का अधिकार है। उन्होंने तीखे अंदाज में कहा,
“क्या वह वहां हथियार लेकर गए थे? अगर कोई जनप्रतिनिधि जनता के बीच खड़ा होता है तो उसे संदिग्ध क्यों बनाया जा रहा है?”
धार्मिक स्थलों पर कार्रवाई को लेकर उठे सवाल
सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि हाल के समय में धार्मिक स्थलों को निशाना बनाकर कार्रवाई की जा रही है। उनका कहना है कि इतनी संवेदनशील जगह पर रात में कार्रवाई करना प्रशासनिक समझदारी के खिलाफ है और इससे अविश्वास का माहौल बनता है।
सियासत तेज, बयानबाजी जारी
तुर्कमान गेट अतिक्रमण कार्रवाई को लेकर सपा और भाजपा आमने-सामने हैं। जहां सपा इसे जनभावनाओं से जुड़ा मुद्दा बता रही है, वहीं भाजपा इसे कानून व्यवस्था का सवाल मान रही है। आने वाले दिनों में इस मामले पर सियासत और तेज होने के संकेत हैं।
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