UP NEWS: लखीमपुर खीरी जनपद की ‘छोटी काशी’ कहे जाने वाले गोला गोकर्णनाथ में आज गन्ना किसानों का धैर्य जवाब दे गया। बजाज चीनी मिल द्वारा बकाया गन्ना भुगतान न किए जाने से आक्रोशित किसानों ने राष्ट्रीय किसान शक्ति संगठन के बैनर तले मिल का चक्का जाम कर दिया। इस प्रदर्शन के चलते लगभग ढाई घंटे तक मिल का संचालन पूरी तरह ठप रहा, जिससे मिल प्रबंधन और स्थानीय पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया।
ढाई घंटे थमा रहा मिल का चक्का
गुरुवार को सैकड़ों की संख्या में किसान चीनी मिल के गेट पर जमा हुए और नारेबाजी शुरू कर दी। देखते ही देखते आक्रोश इतना बढ़ा कि किसानों ने मिल के संचालन को रोकते हुए चक्का जाम कर दिया। गन्ने से लदी ट्रॉलियां खड़ी हो गईं और पेराई सत्र बाधित हो गया। किसानों का कहना था कि कड़ाके की ठंड में वे रात-दिन मेहनत कर रहे हैं, लेकिन उनका करोड़ों रुपया मिल प्रबंधन दबाकर बैठा है।
UP NEWS: किसानों के दबाव में झुका मिल प्रबंधन
चक्का जाम की सूचना मिलते ही भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस प्रशासन इस अप्रत्याशित प्रदर्शन से शुरुआत में असमंजस में रहा, लेकिन किसानों के अड़ियल रुख को देखते हुए मिल प्रबंधन को वार्ता की मेज पर आना पड़ा। करीब ढाई घंटे की भारी गहमागहमी के बाद, किसानों के दबाव में प्रबंधन ने लिखित आश्वासन दिया कि 10 जनवरी तक किसानों का बकाया भुगतान हर हाल में कर दिया जाएगा।
राष्ट्रीय किसान शक्ति संगठन की चेतावनी
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे राष्ट्रीय किसान शक्ति संगठन के पदाधिकारियों ने दोटूक शब्दों में चेतावनी दी है। संगठन ने कहा कि यह केवल एक चेतावनी थी; यदि 10 जनवरी तक किसानों के खातों में पैसा नहीं पहुंचा, तो मिल के गेट पर अनिश्चितकालीन सत्याग्रह शुरू किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
UP NEWS: प्रशासनिक मुस्तैदी और किसानों का आक्रोश
मौके पर मौजूद पुलिस बल ने किसी तरह स्थिति को संभाला और भुगतान की सहमति बनने के बाद जाम खुलवाया। हालांकि, किसानों के चेहरे पर आक्रोश साफ झलक रहा था। किसानों का कहना है कि वे अब झूठे वादों पर यकीन नहीं करेंगे और 10 जनवरी की समय सीमा का इंतजार करेंगे।
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