Up news: उत्तर प्रदेश सरकार के जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह शुक्रवार को महोबा दौरे पर थे। एबीवीपी के एक कार्यक्रम से लौटते समय चरखारी विधानसभा से बीजेपी विधायक ब्रजभूषण सिंह राजपूत ने अपने समर्थकों के साथ मंत्री का काफिला रोक दिया। इस दौरान मंत्री और विधायक के बीच तीखी बहस हो गई, जो बाद में धक्का-मुक्की और नारेबाजी तक पहुंच गई।
पाइपलाइन और पानी की समस्या को लेकर भड़के विधायक
विधायक ब्रजभूषण सिंह राजपूत नमामि गंगे योजना के तहत बिछाई गई पाइपलाइन से पेयजल आपूर्ति शुरू न होने और सड़कों की मरम्मत न होने से काफी नाराज थे। उनका आरोप है कि चरखारी क्षेत्र के कई गांवों में अब तक पानी नहीं पहुंचा है, जबकि पाइपलाइन बिछाने के बाद सड़कें बदहाल हालत में छोड़ दी गई हैं। इसी नाराजगी के चलते जैसे ही जल शक्ति मंत्री महोबा पहुंचे, विधायक और उनके समर्थकों का गुस्सा फूट पड़ा। मौके पर दोनों पक्षों के सुरक्षाकर्मियों के बीच भी झड़प हुई, जिससे हालात तनावपूर्ण हो गए।
Up news: डीएम कार्यालय में हुई डेढ़ घंटे की बैठक
विवाद बढ़ता देख जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह विधायक को साथ लेकर डीएम कार्यालय पहुंचे। यहां ग्राम प्रधानों और अधिकारियों के साथ करीब डेढ़ घंटे तक बैठक चली। बैठक के दौरान मंत्री ने अधिकारियों को 20 दिनों के भीतर पेयजल समस्या के समाधान के निर्देश दिए।
Up news: 20 दिन में समाधान नहीं हुआ तो लखनऊ में घेराव की चेतावनी
बैठक के बाद विधायक ब्रजभूषण राजपूत ने कहा कि यदि तय समय में समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वह ग्राम प्रधानों के साथ लखनऊ जाकर मंत्री का घेराव करेंगे। विधायक का आरोप है कि गांवों में पानी की भारी किल्लत है और खराब सड़कों से जनता परेशान है।
कलेक्ट्रेट छावनी में तब्दील, बढ़ा राजनीतिक तनाव
Up news: विवाद के दौरान कलेक्ट्रेट परिसर को पूरी तरह छावनी में तब्दील कर दिया गया। मुख्य गेट बंद कर आवाजाही रोक दी गई और भारी पुलिस बल तैनात रहा। मंत्री और विधायक के बीच हुई इस नोकझोंक ने भाजपा के भीतर चल रहे असंतोष को सार्वजनिक कर दिया है, जिसे पार्टी के लिए असहज स्थिति माना जा रहा है।
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