Azam Khan News: समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान शुक्रवार को रामपुर जेल में चर्चा का केंद्र बने। जब उन्हें कैदी वाहन में बैठकर कोर्ट जाने के लिए कहा गया, तो उन्होंने विरोध जताया और स्पष्ट कह दिया कि वह वाहन में नहीं जाएंगे। आजम ने जेल अधिकारियों से कहा कि मैं राजनीतिक कैदी हूं, बोलेरो उपलब्ध कराइए। सूत्रों के मुताबिक, जेल अफसरों ने उन्हें मनाने की पूरी कोशिश की, लेकिन आजम ने अपनी बात पर अड़े रहे और कोर्ट जाने के लिए बोलेरो की मांग की। इसके बाद वह अपनी बैरक में लौट गए, जिससे जेल में अस्थायी अफरा-तफरी मच गई।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई पेशी
अंततः जेल प्रशासन ने उन्हें कोर्ट में पेश करने का विकल्प वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग का अपनाया। इस माध्यम से आजम खान रामपुर MP/MLA कोर्ट में पेश हुए। कोर्ट ने सपा के दिवंगत नेता अमर सिंह केस में उन्हें बरी कर दिया। आपको बता दें कि यह केस 23 अगस्त 2018 का है, जब आजम खान ने अमर सिंह की बेटियों पर कथित आपत्तिजनक बयान दिए थे और थाना अजीमनगर में उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया था।
बड़ी खबर : कैदी वाहन में बैठाने से नाराज हुए आजम खान साहब!
बोले- “मैं राजनीतिक कैदी हूं, इसमें नहीं बैठूंगा…बोलेरो चाहिए”
जेल व जिला प्रशासन को आज़म साहब की उम्र व उनकी वरिष्ठता का ध्यान रखना चाहिए! pic.twitter.com/depudaK20b— Vishal JyotiDev Agarwal ???????? (@JyotiDevSpeaks) November 28, 2025
Azam Khan News: आजम के वकील ने क्या कहा?
आजम पक्ष के वकील विनोद शर्मा ने बताया कि साल 2019 में अमर सिंह ने लखनऊ में मुकदमा दर्ज कराया था। घटना रामपुर की थी, इसलिए केस यहां ट्रांसफर कर दिया गया। धारा 153ए, 153बी, 295, 506 के आरोप थे, जो अदालत में साबित नहीं हो सके। अभियोजन पक्ष इसे साबित नहीं कर पाया। अदालत ने आजम को क्लीनचिट दे दी। पुलिस विटनेस अधूरी थी। 161 में वादी के बयान रिकॉर्ड नहीं किए गए, जिससे यह साबित नहीं हो सका। आजम खान को स्वास्थ्य कारणों की वजह से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत में पेश किया गया।
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