Netanyahu on PM Modi: इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू अपनी घनिष्ट मित्रता का इजहार भारत के प्रधानमंत्री मोदी जी से कर रहे हैं; कहते हैं कि अक्सर मैं बात करता हूं। वे कहते हैं-उनके देश के खिलाफ यहूदी विरोधी लहर के बावजूद उन्हें भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित कई देशों और नेताओं का भारी समर्थन मिल रहा है। विदेशी संबंधों के साथ-साथ विभिन्न मंचों पर अपनी सरकार की नीति और गाजा युद्ध के दौरान अपने नेतृत्व का बचाव करते हुए वह कहते हैं कि हम भारत के साथ संबंधों को और मजबूत करना मेरा ध्यय है। मैं अपने पुराने मित्र मोदी से अक्सर बात करता हूं, हमने शीघ्र मिलने का कार्यक्रम तय किया है।
नेतन्याहू ने इजरायली संसद नेसेट में कहा कि इजरायल आज पहले से ज्यादा कहीं मजबूत है। यह पश्चिम एशिया की मजबूत शक्ति है और कई क्षेत्रों में यह एक वैश्विक शक्ति है। यह बाते एक मामले में सही है, क्योंकि इजरायल मुस्लिम देशों के बीच घिरा हुआ है, वह अपने अस्तित्व की लड़ाई अपने राष्ट के जन्म से ही लड़ रहा है। एक सात हजार की आबादी से बना देश, निरंतर आधुनिक तकनीकी में अग्रणी देशों में है। इसके बनने के शुरुआती दौर में अरब देश इजरायल को नक्शे से मिटाना चाहते थे। कई बार अरब-इजरायल जंग हुई, और हमेशा शक्ति के रूप में ही उभरा।
इस प्रसंग में देखें तो भारत की ओर गहन मित्रता की आशा करना, प्रधामंत्री नेतन्याहू की उम्मीद है। पश्चिम एशिया में लगातार बनी हुई रणभूमि को मिटाना बड़े राष्टों का भी दायित्व है। एक ओर जिस तरह से अमेरिका के राष्टपति कोशिश में हैं कि रूस-यूक्रेन और अरब- इजरायल युद्धों को समाप्त किया जाए। प्रयास अच्छा है, देखें यह शांति कब स्थाई रूप में मिलेगी ?
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