Bihar Politics: बिहार की राजनीति में बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। बिहार चुनाव में मिनिए नीतीश को हराने वाले किस नेता ने पार्टी छोड़ीली हार के बाद राष्ट्रीय जनता दल (RJD) को एक और करारा झटका लगा है। पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद विजय कृष्ण ने राजद की प्राथमिक सदस्यता के साथ सभी संगठनात्मक पदों से इस्तीफा दे दिया है।
लालू प्रसाद को भेजा इस्तीफा
74 वर्षीय विजय कृष्ण ने अपने त्यागपत्र में साफ लिखा है कि वे दलगत और सक्रिय राजनीति से दूर होने का निर्णय ले चुके हैं। उन्होंने लालू यादव से आग्रह किया है कि उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया जाए। विजय कृष्ण के इस कदम को RJD के लिए बड़ी राजनीतिक क्षति माना जा रहा है, क्योंकि वे लंबे समय से पार्टी की कोर टीम का हिस्सा रहे थे।
Bihar Politics: नीतीश को हराकर बनाई थी बड़ी पहचान
विजय कृष्ण ने 2004 के लोकसभा चुनाव में बाढ़ सीट से जदयू उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा था और उस समय के दिग्गज नेता तथा मौजूदा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को हराकर राजनीतिक हलकों में सनसनी मचा दी थी। यह जीत उनके राजनीतिक करियर का सबसे बड़ा मोड़ मानी जाती है।
जदयू में गए, फिर वापसी और जेल वापसी
2009 में राजद से टिकट नहीं मिलने पर विजय कृष्ण कुछ समय के लिए जदयू में चले गए थे, लेकिन मात्र एक वर्ष बाद ही फिर राजद में वापसी कर ली। 2010 विधानसभा चुनाव के दौरान वे एक हत्या के मामले में आरोपित हुए। 2013 में कोर्ट ने विजय कृष्ण सहित चार आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई, जिसके बाद उन्हें जेल जाना पड़ा।
Bihar Politics: जेल से बाहर आए, अब राजनीतिक संन्यास
2022 में बरी होने के बाद विजय कृष्ण लगभग 10 साल बाद जेल से बाहर आए थे। तब से वे राजनीतिक रूप से कम सक्रिय थे। अब उनके द्वारा पार्टी और राजनीति से दूरी बनाने का निर्णय बिहार की सियासत में नई हलचल पैदा कर रहा है।
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