Hijab Controversy: बिहार में महिला डॉक्टर से जुड़े हिजाब मामले को लेकर सियासी हलचल के बीच पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पक्ष में बयान देकर बहस को नया मोड़ दे दिया है। उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण को केवल राजनीतिक चश्मे से देखना उचित नहीं है।
नियत नहीं थी गलत, भावनात्मक व्यवहार दिखा
मीडिया से बातचीत में पप्पू यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री का व्यवहार किसी दबाव या अपमान का नहीं बल्कि पारिवारिक भावनाओं से जुड़ा था। उनके अनुसार, बातचीत के दौरान सीएम का रवैया एक पिता और बेटी के रिश्ते जैसा नजर आया।
Hijab Controversy: आलोचना हो, लेकिन मर्यादा के दायरे में
पप्पू यादव ने साफ किया कि हिजाब हटाने को वह सही नहीं ठहराते, लेकिन इसे लेकर की जा रही तीखी और व्यक्तिगत आलोचना अनुचित है। उन्होंने कहा कि किसी भी मुद्दे पर असहमति हो सकती है, मगर हर बात को नकारात्मक नजरिए से नहीं देखा जाना चाहिए।
मनरेगा नाम बदलने पर सरकार पर निशाना
मनरेगा का नाम बदलने के मुद्दे पर भी पप्पू यादव ने सरकार की सोच पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक व्यक्तित्वों और विचारधाराओं के नाम हटाना समाज को बांटने वाला कदम है, जिसे इतिहास कभी स्वीकार नहीं करेगा।
नाम बदलने से नहीं, काम से बनती है पहचान
सांसद ने कहा कि केवल योजनाओं के नाम बदलना विकास नहीं है। असली जरूरत जनता की समस्याओं को समझने और समाधान निकालने की है। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार प्रतीकों की राजनीति में उलझी हुई है। पप्पू यादव ने कहा कि आम जनता महंगाई, बेरोजगारी और मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझ रही है, लेकिन सरकार इन मुद्दों से ध्यान हटाकर गैरजरूरी विवादों में उलझी हुई है।
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