Rajasthan Budget Session Debate: राजस्थान विधानसभा का बजट सत्र जारी है और बुधवार को भी राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा आगे बढ़ाई जाएगी। विधानसभा की कार्यवाही सुबह 11 बजे प्रश्नकाल से शुरू होगी, जिसमें कई अहम मुद्दों पर सरकार से सवाल पूछे जाएंगे और जवाब लिए जाएंगे।
महत्वपूर्ण विभागों पर सवाल-जवाब
प्रश्नकाल के दौरान तकनीकी शिक्षा, उच्च शिक्षा, आयुष, उद्योग एवं वाणिज्य, खेल और युवा मामले जैसे महत्वपूर्ण विभागों से जुड़े सवाल सदन में उठाए जाएंगे। विपक्ष सरकार की योजनाओं और नीतियों पर जवाब मांगेगा, जबकि सरकार अपनी उपलब्धियों और भविष्य की कार्ययोजना को सामने रखेगी।
प्रश्नकाल में 21 तारांकित और 22 अतारांकित प्रश्न सूचीबद्ध किए गए हैं। उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा से जुड़े विभागों जैसे उद्योग, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी, जल संसाधन, जनजाति क्षेत्रीय विकास, राजस्व, नगरीय विकास और ऊर्जा से संबंधित सवालों पर विशेष चर्चा होगी। इन विभागों की योजनाओं और कार्यों को लेकर सदन में सवाल-जवाब किए जाएंगे।

Rajasthan Budget Session Debate: अधिसूचनाएं और वार्षिक प्रतिवेदन पेश
इस दौरान मंत्री किरोड़ी लाल मीणा आपदा प्रबंधन सहायता और नागरिक सुरक्षा विभाग की 6 अधिसूचनाएं सदन में रखेंगे। इसके अलावा भी कुछ अन्य महत्वपूर्ण अधिसूचनाएं पेश की जाएंगी। उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी वित्त विभाग से जुड़ी 27 अधिसूचनाएं प्रस्तुत करेंगी, जबकि डॉ. प्रेमचंद बैरवा परिवहन विभाग की एक अधिसूचना सदन के पटल पर रखेंगे।
इसके साथ ही, गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म आपदा प्रबंधन सहायता और नागरिक सुरक्षा विभाग की 6 अधिसूचनाएं तथा गृह विभाग की 7 अधिसूचनाएं सदन में पेश करेंगे। सदन में वार्षिक प्रतिवेदन भी रखे जाएंगे। उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी राजस्थान जन आधार प्राधिकरण का वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करेंगी, जबकि मंत्री सुमित गोदारा राजस्थान राज्य अल्पसंख्यक आयोग की वार्षिक रिपोर्ट सदन में रखेंगे।

सदन में कांग्रेस और भाजपा आमने-सामने
राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा को पहले ही एक दिन के लिए बढ़ाया जा चुका है, जिसे बुधवार को भी जारी रखा जाएगा। राज्य सरकार की ओर से गुरुवार को राज्यपाल के अभिभाषण का जवाब दिया जाएगा। यह बजट सत्र राज्य सरकार की नीतियों और योजनाओं पर गहन चर्चा का महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है।
अभिभाषण पर बहस के दौरान कांग्रेस विधायक आक्रामक रुख अपना सकते हैं, जबकि भाजपा विधायक कांग्रेस शासनकाल के कथित घोटालों को लेकर पलटवार करेंगे। दोनों पक्षों के आमने-सामने आने से सदन में हंगामे की संभावना जताई जा रही है।







