Amit Shah: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के गांधीनगर में देश का पहला सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी (CBDC) आधारित पब्लिक डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम (PDS) लॉन्च किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि “डिजिटल इंडिया” अब गरीबों को सस्ता और पारदर्शी तरीके से अनाज उपलब्ध कराने के क्षेत्र में प्रवेश कर चुका है। उन्होंने बताया कि आज दुनिया के कुल डिजिटल लेनदेन का आधे से अधिक हिस्सा भारत में हो रहा है, जो पिछले 11 वर्षों में आए बदलाव का प्रमाण है।
डिजिटल ट्रांजेक्शन में भारत अग्रणी
अमित शाह ने कहा कि एक समय 60 करोड़ लोगों के पास बैंक खाता नहीं था, लेकिन नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वित्तीय समावेशन और डिजिटल क्रांति ने तस्वीर बदल दी। आज यदि दुनिया में दो डिजिटल ट्रांजेक्शन होते हैं, तो एक भारत में होता है। उन्होंने कहा कि डिजिटल इंडिया ने पारदर्शिता को गांव-गांव तक पहुंचाया है।
Amit Shah: पारदर्शी वितरण प्रणाली की दिशा में कदम
गृह मंत्री ने कहा कि डीबीटी के माध्यम से 15 लाख करोड़ रुपये से अधिक के घोटाले रोके गए। अब सीबीडीसी-आधारित पीडीएस से राशन वितरण में और पारदर्शिता आएगी। डिजिटल तौल कांटे, ई-राशन कार्ड और ‘वन नेशन, वन राशन कार्ड’ जैसी पहलों के बाद यह नया सिस्टम भ्रष्टाचार पर और सख्त प्रहार करेगा।
गरीब कल्याण योजनाओं का विस्तार
उन्होंने बताया कि 81 करोड़ लोगों को हर महीने 5 किलो मुफ्त राशन मिल रहा है। साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत चार करोड़ घर, 13 करोड़ घरों में नल कनेक्शन और गैस सिलेंडर, तथा 12 करोड़ घरों में शौचालय बनाए गए हैं। शाह ने कहा कि डिजिटल इंडिया और ल्याणकारी योजनाएं मिलकर “मिनिमम गवर्नमेंट, मैक्सिमम गवर्नेंस” के लक्ष्य को साकार कर रही हैं।
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