Hypertension Yoga Control: हाइपरटेंशन या हाई ब्लड प्रेशर एक गंभीर स्वास्थ्य समस्या है, जो धीरे-धीरे दिल, दिमाग, किडनी और आंखों को नुकसान पहुंचा सकती है। अक्सर इसके स्पष्ट लक्षण नहीं दिखते, लेकिन अगर इसे नजरअंदाज किया जाए तो यह हार्ट अटैक, स्ट्रोक, किडनी फेलियर और अंधापन जैसी गंभीर परेशानियों का कारण बन सकता है। इसलिए इसे समय पर नियंत्रित करना बहुत जरूरी है।

योग से हाई ब्लड प्रेशर नियंत्रण
मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान के अनुसार, हाइपरटेंशन का प्रभावी और प्राकृतिक उपाय योग है। नियमित योगाभ्यास तनाव कम करता है, रक्त संचार को बेहतर बनाता है और ब्लड प्रेशर संतुलित रखता है। योगासन और प्राणायाम हृदय स्वास्थ्य को मजबूत करते हैं और दवाओं के साथ सहायक चिकित्सा के रूप में लाभकारी साबित होते हैं।
Hypertension Yoga Control: सरल और सुरक्षित योग अभ्यास
संस्थान ने कुछ सरल और सुरक्षित योग अभ्यास सुझाए हैं। इनका अभ्यास सुबह खाली पेट या शाम को किया जा सकता है। ध्यान रखें कि गंभीर स्थिति में डॉक्टर की सलाह लेना आवश्यक है और योग विशेषज्ञ के मार्गदर्शन में ही अभ्यास शुरू करें।

योगासन और उनके लाभ
- ताड़ासन:
सीधे खड़े होकर पैर जोड़ें और हाथ ऊपर उठाकर हथेलियां जोड़ें। यह रक्त संचार को बढ़ाता है, मुद्रा सुधारता है और तनाव कम कर हाई ब्लड प्रेशर नियंत्रित रखता है। - कटिचक्रासन:
खड़े होकर कमर को बाएं-दाएं घुमाएं। यह कमर की मांसपेशियों को मजबूत करता है, पाचन सुधारता है और तनाव कम करके ब्लड प्रेशर को संतुलित रखता है। - वज्रासन:
घुटनों के बल बैठकर एड़ियां नितंबों के नीचे रखें। यह पाचन तंत्र को मजबूत करता है, मन को शांत रखता है और ब्लड प्रेशर के लक्षण कम करता है। - मार्जरी आसन:
हाथ-पैरों पर होकर पीठ को ऊपर-नीचे करें। यह रीढ़ की हड्डी को लचीला बनाता है, तनाव दूर करता है और रक्त प्रवाह को बेहतर बनाकर हाइपरटेंशन में मदद करता है। - गोमुखासन:
बैठकर एक पैर को दूसरे के ऊपर रखें और हाथ पीछे जोड़ें। यह कंधों और छाती को खोलता है, सांस लेने में सुधार करता है और ब्लड प्रेशर नियंत्रित करने में सहायक है। - वक्रासन:
एक पैर मोड़कर दूसरी तरफ कमर घुमाएं। यह रीढ़ को मजबूत बनाता है, पाचन को सुधारता है और मानसिक शांति देकर ब्लड प्रेशर नियंत्रित करता है। - भुजंगासन:
पेट के बल लेटकर छाती ऊपर उठाएं। यह छाती खोलता है, फेफड़ों की क्षमता बढ़ाता है, तनाव कम करता है और ब्लड प्रेशर संतुलित रखता है।

प्राणायाम और रिलैक्सेशन तकनीक
इसके अलावा मकरासन, अर्ध हलासन, पवनमुक्तासन, शवासन, नाड़ी शोधन प्राणायाम और भ्रामरी प्राणायाम भी बहुत लाभकारी हैं। ये अभ्यास तनाव कम करके मन और शरीर को शांत रखते हैं, पाचन को बेहतर बनाते हैं और गैस जैसी समस्याओं को दूर करते हैं। यह सभी रिलैक्सेशन तकनीक हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
यह भी पढे़ : Sleep Health: नींद की कमी से दिमाग-दिल पर खतरा?






