Bihar News: सदर अस्पताल सासाराम में चिकित्सकों की लापरवाही और अस्पताल प्रबंधन की मनमानी थमने का नाम नहीं ले रही है। ताजा मामला अस्पताल के यक्ष्मा विभाग से सामने आया है, जहाँ सोमवार की सुबह ओपीडी में डॉक्टरों के समय पर न बैठने के कारण दूर-दराज से आए मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। दरअसल, अस्पताल प्रबंधन की इस उदासीनता के कारण स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह चरमराती नजर आ रही है।
घंटों इंतजार करने को मजबूर मरीज
सदर अस्पताल के यक्ष्मा विभाग में इलाज कराने आए मरीजों और उनके परिजनों का कहना है कि टीबी विभाग में चिकित्सक अपने निर्धारित समय से तीन-चार घंटे की देरी से पहुँचते हैं। टीबी जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीजों के लिए घंटों इंतजार करना जानलेवा साबित हो सकता है, लेकिन फिर भी अस्पताल के चिकित्सकों द्वारा लगातार लापरवाही बरती जा रही है।
Bihar News: मरीजों का आरोप
ओपीडी में अपने बेटे का इलाज कराने आई जमीला ने बताया कि उनके बेटे को टीबी की शिकायत है। वे सुबह 8 बजे हीं अस्पताल पहुँच गई थीं, लेकिन सुबह के 11 बजने के बावजूद किसी डॉक्टर का अता-पता नहीं है। वहीं एक अन्य महिला मरीज सुनीता देवी ने कहा कि उन्होंने घंटों पहले पर्ची कटवा ली थी, लेकिन डॉक्टर के नहीं रहने के कारण इंतजार करना पड़ रहा है।
चिकित्सक ने दी सफाई
वहीं, जिला यक्ष्मा विभाग में तैनात चिकित्सक डॉक्टर कन्हाई महतो ने मामले में सफाई देते हुए कहा कि वे ओपीडी में समय से आते हैं, लेकिन सुबह-सुबह उन्हें वार्डों में राउंड पर जाना पड़ता है, जिसके कारण अक्सर देरी होती है। हालांकि डॉ कन्हाई महतो पर निजी क्लीनिक चलाने का भी आरोप लगाया जाता है।
Bihar News: सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं से उठता भरोसा
दरअसल, सदर अस्पताल की कार्यप्रणाली अक्सर सवालों के घेरे में रहती है। सदर अस्पताल में कभी मरीजों को बुनियादी सुविधाएं नहीं मिलतीं, तो कभी सुरक्षा के साथ खिलवाड़ किया जाता है। इसके अलावा चिकित्सकों की इस मनमानी से न केवल मरीजों को परेशानी हो रही है, बल्कि सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं पर से आम जनता का भरोसा भी उठता जा रहा है।
Report BY: Divakar Tiwari
ये भी पढ़े… सुपारी देकर शिक्षक की हत्या की साजिश नाकाम, दो गिरफ्तार, देशी कट्टा व कारतूस बरामद







