England news: इंग्लैंड के ईस्ट मिडलैंड्स क्षेत्र के डर्बी शहर में आयोजित एक कबड्डी टूर्नामेंट के दौरान हुई हिंसक झड़प के मामले में ब्रिटेन की अदालत ने तीन भारतीय नागरिकों को कुल 11 साल से अधिक की जेल की सजा सुनाई है। यह घटना करीब दो साल पहले, अगस्त 2023 में हुई थी। डर्बीशायर पुलिस के मुताबिक, अल्वास्टन इलाके में हुए इस कबड्डी टूर्नामेंट के दौरान दो गुटों के बीच भारी लफड़ा हो गया था। इस झड़प में हथियार लहराने और हिंसा करने के आरोप में दमनजीत सिंह (35), बूटा सिंह (35) और राजविंदर तखर सिंह (42) को दोषी ठहराया गया है। तीनों आरोपियों ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया था, लेकिन पिछले महीने डर्बी क्राउन कोर्ट में चले ट्रायल के बाद अदालत ने उन्हें दोषी मान लिया।
घटनास्थल पर गोली चलने की भी मिली थी सूचना
पुलिस के अनुसार, 20 अगस्त 2023 को रविवार दोपहर करीब चार बजे एल्वास्टन लेन के पास गोली चलने और हथियारों से लड़ाई की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। घटना से जुड़े वीडियो फुटेज में बूटा सिंह को विरोधी गुट का पीछा करते हुए देखा गया था। हालांकि, उस वक्त उसके हाथ में कोई हथियार नहीं था। पुलिस ने बताया कि घटना के दो दिन बाद जब बूटा सिंह की कार को रोका गया, तो उसकी कार की डिक्की से दो माचेटे (बड़े चाकू) बरामद किए गए। वहीं, वीडियो फुटेज में दमनजीत सिंह और राजविंदर तखर सिंह को झड़प के दौरान बड़े चाकू लहराते हुए देखा गया। इसके बाद तीनों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।
England news: किसे कितनी सजा
अदालत ने बूटा सिंह को चार साल की जेल की सजा सुनाई है। दमनजीत सिंह को तीन साल चार महीने और राजविंदर तखर सिंह को तीन साल दस महीने की कैद की सजा दी गई है।
England news: दो आरोपी हुए बरी
इस मामले में हिंसा में शामिल होने के आरोप झेल रहे दो अन्य व्यक्तियों को जूरी ने सबूतों के अभाव में बरी कर दिया। पुलिस ने बताया कि यह सजा पिछले साल जेल भेजे गए सात अन्य भारतीय मूल के लोगों के बाद दी गई है, जो इसी हिंसा के मामले में दोषी पाए गए थे।
पुलिस का बयान
England news: वरिष्ठ जांच अधिकारी डिटेक्टिव चीफ इंस्पेक्टर मैट क्रूम ने कहा कि यह घटना स्थानीय लोगों और टूर्नामेंट देखने आए दर्शकों के लिए बेहद डरावनी थी। उन्होंने जांच में सहयोग करने वालों का आभार जताया। पुलिस जांच में सामने आया कि यह झड़प अचानक नहीं हुई थी, बल्कि इसकी पहले से योजना बनाई गई थी और दोनों गुट घटना से पहले डर्बी की ब्रंसविक स्ट्रीट पर इकट्ठा हुए थे।
Written by: Prateet Chandak
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