Lakhimpur Kheri: लखीमपुर खीरी जनपद की पलिया तहसील में एक अधिवक्ता के खिलाफ पुलिसिया कार्रवाई और मुकदमा दर्ज किए जाने के विरोध में अधिवक्ताओं ने मोर्चा खोल दिया है। तहसील परिसर में अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए आक्रोशित अधिवक्ताओं ने धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। वकीलों का साफ कहना है कि जब तक अधिवक्ता के खिलाफ दर्ज मुकदमा वापस नहीं लिया जाता और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं होती, उनका विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
क्या है मामला?
मिली जानकारी के अनुसार, पलिया तहसील में कार्यरत एक अधिवक्ता के खिलाफ स्थानीय प्रशासन/पुलिस द्वारा हाल ही में मुकदमा दर्ज किया गया है। अधिवक्ताओं का आरोप है कि यह कार्रवाई द्वेषपूर्ण भावना से प्रेरित है और बिना किसी ठोस जांच के सीधे कानूनी शिकंजा कस दिया गया। इस घटना की खबर जैसे ही बार एसोसिएशन को मिली, वकीलों में भारी उबाल देखने को मिला।
Lakhimpur Kheri: तहसील परिसर में गूंजी नारेबाजी
धरने पर बैठे अधिवक्ताओं ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी वकीलों का कहना है कि प्रशासन अधिवक्ताओं को डराने का प्रयास कर रहा है, जिसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।अधिवक्ताओं की प्रमुख मांगें है कि अधिवक्ता पर दर्ज ‘फर्जी’ मुकदमे को तत्काल प्रभाव से निरस्त किया जाए। संबंधित मामले में निष्पक्ष जांच सुनिश्चित की जाए। अधिवक्ताओं के मान-सम्मान की रक्षा हेतु अधिकारियों के व्यवहार में सुधार लाया जाए।
कार्यकाज पूरी तरह ठप
अधिवक्ताओं के इस धरने और आक्रोश के कारण तहसील का न्यायिक कार्य पूरी तरह से ठप हो गया है। दूर-दराज से अपनी फाइलों और पैरवी के लिए आए फरियादियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि यह धरना केवल शुरुआत है, यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो इसे जिला स्तर पर बड़े आंदोलन का रूप दिया जाएगा। धरना स्थल पर मौजूद वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने कहा कि कई घंटे बीत जाने के बाद भी कोई जिम्मेदार अधिकारी उनकी बात सुनने या समझौता वार्ता के लिए नहीं पहुंचा है, जिससे वकीलों का गुस्सा और बढ़ गया है। देर शाम तक अधिवक्ता अपनी मांगों को लेकर अड़े हुए थे।
Report BY: संजय कुमार







