Minor Marriage Prevention: उत्तर 24 परगना, बसीरहाट। बसीरहाट के स्वरूपनगर थाना क्षेत्र में एक नाबालिग विवाह को रोकने का मामला सामने आया है। यहां के एक गांव के 18 वर्षीय युवक की शादी उसी थाना क्षेत्र की एक अन्य गांव की 15 वर्षीय लड़की से तय की गई थी। शादी की तारीख तय होते ही रिश्तेदारों को निमंत्रण भेजा गया था और युवक के मामा के घर पर कैटरिंग सहित सारी तैयारियां पूरी कर ली गई थीं।
बीएसएफ की सूचना पर तुरंत कार्रवाई
इसी बीच 102 नंबर बटालियन की सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) को इस नाबालिग शादी की सूचना मिली। घोजाडांगा बीओपी के हेड कांस्टेबल दिलीप सोयाइन, हेड कांस्टेबल राम पाल, कांस्टेबल आदित्य चौधरी और कांस्टेबल सिपु सतपथी तुरंत उत्तर भादुड़िया गांव पहुंचे।

बीएसएफ ने इसकी जानकारी स्वरूपनगर थाना प्रभारी अधिकारी अरिंदम हलदार को दी। उनके निर्देश पर पुलिस की टीम भी मौके पर पहुंची। इसके बाद पुलिस, बीएसएफ और कोलकाता की एक स्वयंसेवी संस्था ने मिलकर नाबालिग लड़के-लड़की की शादी को समय रहते रोक दिया।
शादी रोकने के बाद बीएसएफ और पुलिस ने दोनों परिवारों के अभिभावकों से बातचीत की। दोनों पक्षों से लिखित मुचलका लिया गया और शपथ दिलाई गई कि जब तक युवक की उम्र 21 वर्ष और लड़की की उम्र 18 वर्ष नहीं हो जाती, तब तक किसी भी हालत में शादी नहीं की जाएगी।
Minor Marriage Prevention: गांव में जागरूकता और बाल विवाह पर चर्चा
इस घटना के बाद पूरे उत्तर भादुड़िया गांव में चर्चा का माहौल बन गया। ग्रामीणों ने बीएसएफ की तत्परता और पुलिस की सक्रियता की सराहना की। साथ ही बीएसएफ ने गांववासियों को जागरूक किया कि बाल विवाह जैसी सामाजिक बुराई को कैसे रोका जा सकता है और बच्चों की शादी की कानूनी उम्र क्या है।
Report By: Pijush
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