ModiwithPutin: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन दिल्ली एयरपोर्ट पर उतरे जिनके स्वागत के लिए पीएम मोदी इंतजार करते रहे। विमान से उतरते ही मोदी और पुतिन गले मिले और एक ही कार से डिनर के लिए रवाना हुए। दोनों प्रधानमंत्री आवास पहुंच चुके हैं। यहीं पर डिनर करेंगे। पुतिन करीब 30 घंटे भारत में रहेंगे। कल राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के साथ रात का भोजन करेंगे।
मॉस्को से आया मेरा दोस्त
ModiwithPutin: सोशल मीडिया पर पुतिन के आने के बाद ‘मॉस्को से आया मेरा दोस्त’ ट्रेंड कर रहा है। कहीं न कहीं ये दोस्ती भी बेजोड़ दिखाई पड़ती है। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के दिल्ली पहुंचने से ठीक पहले रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और रूस के रक्षा मंत्री की द्विपक्षीय बैठक शुरू हो चुकी है। यह मीटिंग शिखर सम्मेलन से पहले भारत–रूस रक्षा साझेदारी को मजबूत करने की दिशा में बेहद अहम मानी जा रही है।
कूटनीति में शब्द महत्वपूर्ण होते हैं, लेकिन तस्वीरें इतिहास लिखती हैं। आज दिल्ली के पालम एयरपोर्ट पर जब रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का विशेष विमान रनवे पर रुका, तो दुनिया की निगाहें उस दरवाजे पर टिकी थीं। लेकिन जैसे ही विमान का दरवाजा खुला और पुतिन बाहर आए, जो कुछ दिखा उसने पिछले कई महीनों के पश्चिमी नैरेटिव को एक ही पल में ध्वस्त कर दिया।
सीढ़ियों से उतरते वक्त पुतिन के चेहरे पर न तो युद्ध का तनाव था और न ही अंतरराष्ट्रीय दबाव की शिकन। उनके चेहरे पर एक खिलखिलाती हुई मुस्कान थी, एक ऐसी मुस्कान जो यह बता रही थी कि वे किसी ‘विदेशी दौरे’ पर नहीं, बल्कि अपने सबसे भरोसेमंद दोस्त के घर आए हैं।
भारत और रूस के बीच गाढ़े संबंध
ModiwithPutin: भारत और रूस के बीच पुराने और ख़ास संबंध रहे हैं और इसके तहत दोनों देशों के बीच वार्षिक शिखर सम्मेलन होती है।इस सम्मेलन के तहत दोनों ही देशों के शीर्ष नेता बारी-बारी से एक-दूसरे के देश में मिलते हैं। इस तरह अब तक भारत-रूस के बीच 22 शिखर सम्मेलन हो चुके हैं। इस बीच, दोनों देशों के नेताओं ने साल 2022 में पांच बार और 2023 में दो बार फ़ोन पर बात की। जुलाई 2024 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मॉस्को भी गए थे।
भारत और रूस के बीच रक्षा, ऊर्जा और अन्य कारोबारी रिश्ते हैं। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक़, साल 2024-25 में भारत-रूस द्विपक्षीय व्यापार 68.7 अरब अमेरिकी डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया।







