RAM MANDIR: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में होने वाले भव्य भगवा ध्वजारोहण कार्यक्रम को भारतीय सभ्यता के इतिहास का “स्वर्णिम अध्याय” बताया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कर-कमलों से श्री राम जन्मभूमि मंदिर की शिखर पर भगवा ध्वज का फहराया जाना न सिर्फ मंदिर निर्माण की पूर्णता का प्रतीक है, बल्कि सनातन संस्कृति के पुनर्जागरण का वैश्विक संदेश भी है।
धर्म की विजय और संस्कृति का प्रतीक-सीएम योगी
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लगातार साझा किए गए संदेशों में सीएम योगी ने इस आयोजन को “आस्था की अमरता और सत्य की अजेयता का उद्घोष” बताया। उन्होंने कहा कि यह ध्वज केवल प्रतीक नहीं, बल्कि उस आत्मबल का परिचायक है, जिसने हर युग में अधर्म के अंधकार को समाप्त कर धर्म के प्रकाश को अक्षुण्ण रखा है। योगी ने आगे बताया कि अयोध्या आज अदम्य आध्यात्मिक ऊर्जा का केंद्र बनी है और करोड़ों रामभक्तों की तपस्या एक नए शिखर पर प्रतिष्ठित होने जा रही है।

RAM MANDIR: संतों और रामभक्तों का किया स्वागत
अपने संदेशों में सीएम योगी आदित्यनाथ ने देश-दुनिया से अयोध्या पहुँच रहे संतों, धर्माचार्यों और अतिथियों का गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्होंने कहा कि आपकी उपस्थिति राष्ट्र व धर्म के उत्थान के संकल्प को नई ऊर्जा देती है। सीएम योगी ने लिखा “अयोध्या में आयोजित भव्य भगवा ध्वज आरोहण समारोह सनातन गौरव की नई यात्रा का शुभारंभ है।”
RAM MANDIR: ध्वज ने बढ़ाई उत्सव की भव्यता
राम मंदिर के लिए बनाया गया विशेष भगवा झंडा 22 फीट लंबा और 11 फीट चौड़ा है। अहमदाबाद के पैराशूट विशेषज्ञ द्वारा डिजाइन किए गए इस झंडे का वजन 2–3 किलोग्राम है, और इसे 161 फीट ऊँची चोटी पर 42 फीट के पोल के अनुसार तैयार किया गया है। इस आयोजन को लेकर अयोध्या में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। मंदिर परिसर के भीतर मोबाइल फोन ले जाना प्रतिबंधित है। हजारों भक्त, संत और विशिष्ट अतिथि इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बनने अयोध्या पहुँच रहे हैं।







