Up news: उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में नौ साल पहले सामने आए बहुचर्चित मां-बेटी हाईवे गैंगरेप मामले में आखिरकार न्याय का फैसला आ गया है। विशेष पॉक्सो कोर्ट ने इस जघन्य अपराध के पांच दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही कोर्ट ने प्रत्येक दोषी पर 1.81 लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। विशेष पॉक्सो कोर्ट, बुलंदशहर के न्यायाधीश ओम प्रकाश तृतीय ने इससे पहले 20 दिसंबर 2025 को इन पांचों आरोपियों को दोषी करार दिया था। सजा पाने वालों में कन्नौज के जुबेर और साजिद, जबकि फर्रुखाबाद के धर्मवीर, नरेश और सुनील शामिल हैं।
Up news: क्या है पूरा मामला?
यह दिल दहला देने वाली घटना 29 जुलाई 2016 को हुई थी, जब हाईवे पर मां-बेटी के साथ गैंगरेप किया गया। इस मामले ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया था। पुलिस ने शुरुआती जांच में कुल 11 लोगों को आरोपी बनाया था। इनमें से दो आरोपियों को नोएडा एसटीएफ ने मुठभेड़ में मार गिराया था। वहीं, तीन आरोपियों को पहचान न हो पाने के कारण सीबीआई ने क्लीन चिट दे दी थी। एक अन्य आरोपी की जिला जेल में दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई थी।
फास्ट ट्रैक कोर्ट का सख्त फैसला
Up news: अपर जिला शासकीय अधिवक्ता (एडीसी) वरुण कौशिक ने बताया कि फास्ट ट्रैक कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पांचों दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही सभी दोषियों पर 1.81 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। इस फैसले को न्याय की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है, जिससे पीड़ित परिवार को कुछ हद तक राहत मिली है।
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