UP News: भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) की ओर से उत्तर प्रदेश सरकार के स्वास्थ्य मंत्री/उपमुख्यमंत्री को पत्र भेजकर राजकीय जिला संयुक्त चिकित्सालय अमरोहा में तैनात ईएमओ डा. सीपी सिंह के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए जांच और कार्रवाई की मांग की गई है। पत्र में यूनियन ने कई बिंदुओं पर शिकायत दर्ज कराई है। यूनियन पदाधिकारियों का कहना है कि डा. सीपी सिंह का गृह जनपद मुरादाबाद है, इसके बावजूद वह कथित रूप से पिछले 15-16 वर्षों से राजकीय जिला संयुक्त चिकित्सालय अमरोहा में तैनात हैं, जो स्थानांतरण नीति के विरुद्ध बताया गया है।
पत्र में आरोप लगाया गया है कि डा. सीपी सिंह सरकारी सेवा में रहते हुए निजी प्रैक्टिस करते हैं। आशियाना कॉलोनी, पुलिस अधीक्षक कार्यालय के निकट अमरोहा में उनके नाम से मेडिकल स्टोर और निजी अस्पताल संचालित होने का भी उल्लेख किया गया है। आरोप है कि सरकारी अस्पताल में आने वाले गरीब मरीजों को बहला-फुसलाकर निजी अस्पताल में भर्ती कराया जाता है और उनसे अवैध धन वसूली की जाती है। यूनियन ने यह भी आरोप लगाया है कि इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीजों को निजी अस्पताल ले जाने का दबाव बनाया जाता है। जो मरीज या उनके परिजन इनकार करते हैं, उनके साथ दुर्व्यवहार और अभद्र भाषा का प्रयोग किए जाने की शिकायत की गई है। संगठन का कहना है कि इससे मरीज सरकारी योजनाओं और सुविधाओं से वंचित रह जाते हैं।
इसके अलावा पत्र में यह भी आरोप लगाया गया है कि डा. सीपी सिंह ने कथित रूप से अवैध तरीके से अर्जित धन से मुरादाबाद और अमरोहा में अपने व परिजनों के नाम कई संपत्तियां खरीदी हैं। विभिन्न बैंकों में खातों के माध्यम से धन जमा किए जाने की भी जांच की मांग की गई है। भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) ने स्वास्थ्य मंत्री से प्रकरण की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच कराते हुए दोषी पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की मांग की है।
Report BY- मौ. अज़ीम
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