US-Israel-Iran War: गाजियाबाद के एक परिवार के लिए लंबे समय से जारी चिंता का अंत हो गया है। 57 दिन तक ईरान की जेल में बंद रहने वाले केतन मेहता को अब रिहा कर दिया गया है। केतन, जो दुबई की एक तेल कंपनी में थर्ड इंजीनियर के पद पर कार्यरत हैं, फिलहाल भारतीय दूतावास की निगरानी में एक होटल में रह रहे हैं। उनकी सेहत सामान्य होते ही उन्हें सुरक्षित भारत लाने की तैयारी की जा रही है।
गहन तनाव के बीच मिली राहत
केतन मेहता का गाजियाबाद स्थित परिवार, विशेषकर उनके पिता मुकेश मेहता, दो महीने तक चिंता और भय के साए में रहा। 6 फरवरी 2026 को ईरान के बंदरगाह क्षेत्र में ईरानी कोस्ट गार्ड ने केतन को गिरफ्तार किया था और उन्हें तेहरान की जेल में रखा गया। गिरफ्तारी के बाद से परिवार के लिए रोज़ एक नया तनाव खड़ा हो गया था। केतन के पिता ने तत्काल भारतीय विदेश मंत्रालय और प्रधानमंत्री कार्यालय से मदद मांगी। परिवार की लगातार अपील के बाद भारतीय दूतावास ने मामले की गंभीरता को समझते हुए कानूनी प्रक्रिया के जरिए केतन की रिहाई के प्रयास शुरू किए।

US-Israel-Iran War: पापा, मैं रिहा हो गया हूं
केतन मेहता के परिजनों ने बताया कि 31 दिसंबर को केतन से आखिरी बार फोन पर बातचीत हुई थी, जब उन्होंने कहा था कि वह कुछ ही दिनों में दुबई लौट आएंगे। इसके बाद उनका फोन बंद हो गया और परिवार को उनकी कोई खबर नहीं मिली। 10 जनवरी को यह जानकारी मिली कि केतन को ईरानी कोस्ट गार्ड ने हिरासत में लिया है। बुधवार को आखिरकार फोन की घंटी बजी और दूसरी ओर से केतन की आवाज सुनाई दी। भावुक होकर उन्होंने कहा, पापा, मैं रिहा हो गया हूं। उनके इस शब्द ने परिवार में खुशी और राहत का माहौल फैला दिया।
भारतीय दूतावास के सहयोग से केतन की रिहाई सुनिश्चित हुई। फिलहाल वह दूतावास की निगरानी में एक होटल में हैं, जहां उनकी सेहत पर नजर रखी जा रही है। आवश्यक कागजी प्रक्रिया पूरी होने के बाद, जैसे ही हवाई मार्ग सुचारु होंगे, केतन को सुरक्षित भारत लाया जाएगा। वहींं केतन की रिहाई की खबर मिलते ही गाजियाबाद स्थित उनके घर में जश्न का माहौल है। परिवार अब उनके घर लौटने का बेसब्री से इंतजार कर रहा है।
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