mp news: 77वें गणतंत्र दिवस से पहले मध्य प्रदेश सरकार ने जेल सुधार की दिशा में अहम कदम उठाते हुए राज्य की विभिन्न जेलों से 87 आजीवन कारावास के दोषियों को समय से पहले रिहा करने का आदेश दिया है। यह निर्णय कानूनी प्रावधानों के तहत गहन समीक्षा के बाद लिया गया है।
कानूनी समीक्षा के बाद लिया गया निर्णय
जेल विभाग द्वारा 27 मई 2025 के निर्देश के तहत 481 मामलों की समीक्षा की गई। जिला स्तरीय समितियों ने प्रत्येक मामले की पृष्ठभूमि, कानूनी स्थिति और नियमों के आधार पर जांच की, जिसमें 87 दोषियों को रिहाई के योग्य पाया गया।
mp news: कानून के दायरे में मिलेगी रिहाई
यह फैसला दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 432, 433 और 433(ए) के तहत लिया गया है। अधिकारियों के अनुसार, रिहाई सख्त शर्तों और सुरक्षा उपायों के साथ की जाएगी। जिन कैदियों की अपील हाईकोर्ट या सुप्रीम कोर्ट में लंबित है, वे तभी पात्र होंगे जब उनके मामलों का निपटारा तय समय तक हो जाएगा।
mp news: जेल सुधार और पुनर्वास की पहल
सरकार का कहना है कि यह कदम जेलों में भीड़ कम करने और कैदियों के पुनर्वास को बढ़ावा देने की वार्षिक पहल का हिस्सा है। जेल सुधार से जुड़े विशेषज्ञों ने इस फैसले को मानवीय बताया है, साथ ही रिहा होने के बाद कैदियों की निगरानी पर भी जोर दिया है।
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