Lakhimpur Kheri: लखीमपुर खीरी जिले की पलिया तहसील में कल कंबल वितरण को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो ने अब विशाल सियासी और प्रशासनिक संग्राम का रूप ले लिया है। मामले में एसडीएम के व्यवहार से आक्रोशित अधिवक्ताओं ने आज तहसील परिसर में कामकाज पूरी तरह ठप कर दिया और एसडीएम डॉ. अवनीश कुमार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए हैं।
वकीलों ने जड़ा तानाशाही का आरोप
तहसील परिसर में आज का नजारा आम दिनों से बिल्कुल जुदा था। कल तक जो मामला महज एक वीडियो तक सीमित था, आज वह “एसडीएम बनाम अधिवक्ता” की सीधी जंग बन चुका है। धरना दे रहे अधिवक्ताओं का सीधा आरोप है कि एसडीएम डॉ. अवनीश कुमार अपनी गरिमा और मर्यादा भूलकर बार अध्यक्ष को सरेआम धमका रहे हैं। वकीलों ने आरोप लगाया कि एसडीएम ने न केवल बार अध्यक्ष को अपमानित किया, बल्कि उन पर सरकारी कार्य में बाधा डालने का हवाला देकर मुकदमा दर्ज कराने की धमकी भी दी।
आर-पार की लड़ाई: “तबादला नहीं, तो काम नहीं”
अधिवक्ताओं का साफ कहना है कि प्रशासन की यह तानाशाही अब बर्दाश्त से बाहर है। वकीलों ने एक स्वर में मांग बुलंद की है कि जब तक एसडीएम डॉ. अवनीश कुमार का पलिया तहसील से तबादला नहीं हो जाता, तब तक न तो यह धरना खत्म होगा और न ही तहसील का कोई कामकाज होने दिया जाएगा। कार्य बहिष्कार के चलते आज तहसील आए फरियादियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा और सारे प्रशासनिक कार्य अधर में लटके रहे।
प्रशासन के लिए बढ़ा सिरदर्द
एसडीएम और वकीलों के बीच बढ़ती यह तकरार अब जिला प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनती जा रही है। वकील अपनी मांगों पर अड़े हैं और समझौता करने को तैयार नहीं हैं। अब देखना होगा कि लखीमपुर खीरी जिला प्रशासन इस गतिरोध को खत्म करने और तहसील में कामकाज सुचारू कराने के लिए क्या ठोस कदम उठाता है।
Report By: Sanjay Kumar







