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SP के फोन काटते ही बौखलाई पल्लवी पटेल, रायबरेली में बोले- ’15 दिन के अंदर कार्रवाई नहीं हुई तो…’

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Up News: रायबरेली में एक महीने पुराने किसान मौत मामले को लेकर सियासी और प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। सपा विधायक पल्लवी पटेल और जिले के पुलिस अधीक्षक रवि कुमार के बीच फोन पर तीखी नोकझोंक का मामला सामने आया है, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

पहले जानें क्या है मामला?

यह घटना जगतपुर थाना क्षेत्र के छिछोरा गांव की है, जहां करीब एक महीने पहले किसान सुरेश कुमार की मौत हो गई थी। परिजनों का आरोप है कि सुरेश के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर गांव के ही एक व्यक्ति ने बैंक से करीब 5 लाख रुपये का कर्ज लिया और रकम हड़प ली। परिवार का कहना है कि बैंक की ओर से लगातार कर्ज वसूली के नोटिस भेजे जा रहे थे, जिससे मानसिक दबाव में आकर सुरेश ने अपनी जान दे दी। मामले में नामजद शिकायत दर्ज होने के बावजूद एक महीने तक पुलिस की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।

विधायक पल्लवी पटेल से बातचीत के बाद एसपी रवि कुमार ने 15 दिन में कार्रवाई का आश्वासन दिया।

Up News: विधायक और एसपी के बीच बातचीत

मामले में कार्रवाई न होने से नाराज विधायक पल्लवी पटेल ने एसपी रवि कुमार को फोन किया। बातचीत के दौरान विधायक ने एक महीने तक कार्रवाई न होने पर सवाल उठाए और समयसीमा तय करने को कहा। एसपी ने शुरुआत में जल्दबाजी न करने की बात कही, लेकिन विधायक के दबाव के बाद 15 दिन के भीतर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। इस दौरान दोनों के बीच बातचीत का लहजा तीखा रहा। विधायक ने साफ कहा कि तय समय में कार्रवाई न होने पर वह खुद एसपी कार्यालय पहुंचेंगी।

173 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज

दरअसल, 19 मार्च 2026 की शाम सुरेश कुमार की अचानक तबीयत बिगड़ गई थी। परिजन उन्हें पहले जगतपुर सीएचसी और फिर गंभीर हालत में रायबरेली एम्स ले गए, लेकिन वहां भर्ती न हो पाने के कारण उन्हें निजी अस्पताल ले जाना पड़ा, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने सुरेश का शव विश्वनाथगंज चौराहे पर रखकर प्रदर्शन किया और जगतपुर-डलमऊ मार्ग को जाम कर दिया। लोगों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। बाद में पुलिस ने सड़क जाम और हंगामे के मामले में 173 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। लेकिन अब इस मामले में विधायक के हस्तक्षेप के बाद पुलिस पर कार्रवाई का दबाव बढ़ गया है। एसपी ने 15 दिनों के भीतर जांच पूरी कर कार्रवाई करने का भरोसा दिया है, जिस पर सबकी नजर बनी हुई है।

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