Lalu Prasad Yadav: दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने आईआरसीटीसी घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार के खिलाफ आरोप तय करने पर अपना आदेश सुरक्षित रख लिया है। विशेष अदालत अब 3 मार्च को इस मामले में फैसला सुनाएगी। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने इस मामले में लालू यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव समेत 16 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है।
किन-किन पर हैं आरोप
ईडी के अनुसार, पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव इस कथित घोटाले के मुख्य साजिशकर्ता हैं। जांच एजेंसी ने राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव, मीसा भारती, हेमा यादव और तेज प्रताप यादव पर आर्थिक लाभ प्राप्त करने का आरोप लगाया है। सप्लीमेंट्री चार्जशीट में लालू यादव का पूरा नाम शामिल किया गया है।
Lalu Prasad Yadav: कोर्ट की पूर्व कार्यवाही
इससे पहले राउज एवेन्यू कोर्ट के विशेष जज (पीसी एक्ट) विशाल गोगने ने 13 अक्टूबर 2025 के आदेश में आईपीसी की धारा 420 और 120बी तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत ट्रायल चलाने का रास्ता साफ किया था। आरोपियों ने आरोपों से इनकार किया था। मामले में दलीलें सुनने के बाद अदालत ने 29 मई को आदेश सुरक्षित रखा था। दिल्ली हाईकोर्ट ने भी संबंधित याचिकाओं पर सीबीआई को नोटिस जारी किया है।
क्या है पूरा मामला
यह कथित घोटाला 2004 से 2009 के बीच का है, जब लालू यादव रेल मंत्री थे। आरोप है कि नियमों की अनदेखी कर दो आईआरसीटीसी होटलों को लीज पर दिया गया। ईडी का दावा है कि जमीन के ट्रांसफर के जरिए करोड़ों रुपये की अवैध धनराशि को सफेद करने की कोशिश की गई।






