LPG supply: देश में एलपीजी (रसोई गैस) की उपलब्धता को लेकर केंद्र सरकार ने राहतभरी जानकारी दी है। सरकार के अनुसार, देशभर में गैस की आपूर्ति पूरी तरह पर्याप्त है और कहीं से भी स्टॉक खत्म होने की कोई सूचना नहीं मिली है। शनिवार को अकेले 52.3 लाख से अधिक एलपीजी सिलेंडरों की डिलीवरी की गई, जो यह दर्शाता है कि वितरण व्यवस्था सुचारु रूप से काम कर रही है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि उपभोक्ताओं को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी और आपूर्ति चेन को लगातार मजबूत किया जा रहा है।
पीएनजी कनेक्शन में तेजी, लाखों नए उपभोक्ता जुड़े
सरकार ने बताया कि पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) कनेक्शन का विस्तार तेजी से किया जा रहा है। मार्च 2026 से अब तक 4.24 लाख से अधिक नए पीएनजी कनेक्शनों में गैस की आपूर्ति शुरू हो चुकी है। इसके अलावा 4.66 लाख से ज्यादा उपभोक्ताओं ने नए कनेक्शन के लिए पंजीकरण कराया है। यह पहल शहरी क्षेत्रों में स्वच्छ और सुरक्षित ईंधन को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
LPG supply: प्रवासी मजदूरों के लिए 5 किलो सिलेंडर अभियान
तेल विपणन कंपनियां प्रवासी मजदूरों को ध्यान में रखते हुए 5 किलो वाले छोटे एलपीजी सिलेंडर को बढ़ावा दे रही हैं। इसके लिए देशभर में व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। पिछले आठ दिनों में 3,300 से अधिक शिविर आयोजित किए गए, जहां करीब 35,800 छोटे सिलेंडरों की बिक्री हुई। शनिवार को ही एक लाख से ज्यादा 5 किलो सिलेंडर बिके, जो फरवरी 2026 के औसत 77,000 से काफी अधिक है। 23 मार्च से अब तक 13 लाख से ज्यादा छोटे सिलेंडरों की बिक्री हो चुकी है।
कमर्शियल एलपीजी और ईंधन भंडार की स्थिति
मंत्रालय के अनुसार, कमर्शियल एलपीजी की आपूर्ति युद्ध से पहले के स्तर के लगभग 70 प्रतिशत पर बनी हुई है, जिसमें 10 प्रतिशत अतिरिक्त आवंटन का सुधार भी शामिल है। 14 मार्च 2026 से अब तक 1,20,898 मीट्रिक टन कमर्शियल एलपीजी की बिक्री की गई है, जो लगभग 63.6 लाख (19 किलोग्राम) सिलेंडरों के बराबर है। इसके साथ ही, सभी रिफाइनरियां पर्याप्त कच्चे तेल के भंडार के साथ पूरी क्षमता से काम कर रही हैं और पेट्रोल-डीजल का भी पर्याप्त स्टॉक बनाए रखा गया है। घरेलू मांग को पूरा करने के लिए एलपीजी उत्पादन में भी वृद्धि की गई है।








