Muzaffarnagar News : मुजफ्फरनगर के भोपा थाना क्षेत्र के मोरना गांव में एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। सोमवार सुबह करीब 60 वर्षीय किसान रामप्रसाद का गला रेत दिया गया शव उनके घर की चारपाई के नीचे खून से लथपथ पड़ा मिला। शरीर पर धारदार हथियार के कई वारों के निशान साफ दिख रहे थे। स्थानीय लोगों ने हड़बड़ी में पुलिस को सूचना दी जिसके बाद भोपा थाने की टीम मौके पर पहुंची।

पुलिस ने घटनास्थल का मिनटों में मुआयना किया। शुरुआत में हत्या का रहस्य गहरा लग रहा था लेकिन महज तीन घंटों के भीतर ही पुलिस ने इस सनसनीखेज कांड का पर्दाफाश कर दिया। जांच के दौरान मृतक की दो बेटियों पर शक हुआ। 32 वर्षीय कोमल और 16 वर्षीय नाबालिग बहन को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की गई। दोनों ने टूटकर अपना अपराध कबूल कर लिया।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि रामप्रसाद बेटा-बेटी में जमकर भेदभाव करते थे। बेटियों को लगातार ताने मारते घर से बाहर निकलने पर रोकते-टोकते और शादी न होने पर बदनामी का डर दिखाते। बड़ी बेटी कोमल पर शादी का सबसे ज्यादा दबाव था जबकि छोटी बहन भी इसी मानसिक आघात से जूझ रही थी। इन अपमानों और तनाव से आक्रोशित होकर दोनों बहनों ने मिलकर पिता की हत्या की साजिश रच डाली। पुलिस के अनुसार योजना दो दिन पहले ही बन चुकी थी।
रविवार रात देर से जब रामप्रसाद गहरी नींद में थे दोनों ने मौका ताड़कर चाकू से हमला बोल दिया। पहले पेट पर वार किए फिर गला रेत दिया। हत्या के बाद खून से सने कपड़े और चाकू को एक पोटली में लपेटकर घर के भूसे के ढेर में छिपा दिया। सुबह जब शव मिला तो बहनें बिल्कुल सामान्य व्यवहार कर रही थीं जिससे पुलिस को जल्दी सुराग मिला।
एसपी देहात आदित्य बंसल ने बताया कि 112 पर सूचना मिलते ही सीओ भोपा, एसएचओ, एसओजी और फील्ड यूनिट की टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं। साक्ष्य संग्रह के बाद संदिग्धों से पूछताछ हुई। बेटियों की निशानदेही पर चाकू और खून लगे कपड़े बरामद हो गए। मृतक के पेट पर गहरे घावों की पुष्टि हुई। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। बड़ी बेटी 30-32 वर्ष की है, जबकि छोटी इंटरमीडिएट छात्रा है और 14-16 वर्ष की। दोनों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया जा रहा। नाबालिग के खिलाफ किशोर न्याय अधिनियम के तहत कार्रवाई होगी।






