Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश में सूर्या चौहान हत्याकांड और आरोपी असद के एनकाउंटर को लेकर सियासत तेज हो गई है। यूपी सरकार में कैबिनेट मंत्री और सुभासपा प्रमुख Om Prakash Rajbhar ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष Akhilesh Yadav पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा नेताओं ने मासूम सूर्या चौहान की हत्या पर संवेदना तक व्यक्त नहीं की, लेकिन आरोपी असद के एनकाउंटर के बाद सवाल खड़े किए जा रहे हैं।
सोशल मीडिया पोस्ट से बढ़ा राजनीतिक विवाद
ओम प्रकाश राजभर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि बकरीद के दिन हुई सूर्या चौहान की हत्या ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया था, लेकिन उस समय विपक्ष की ओर से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई। उन्होंने आरोप लगाया कि जब पुलिस ने आरोपी असद को मुठभेड़ में मार गिराया तो समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता “रुदाली” करने लगे।राजभर ने अपने बयान में कहा कि आखिर विपक्ष किस तरह की कानून व्यवस्था चाहता है। उन्होंने दावा किया कि योगी सरकार की सख्त कार्रवाई से पीड़ित परिवार को न्याय मिला है और प्रदेश में अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश गया है।
Uttar Pradesh:‘वोट बैंक की राजनीति’ का लगाया आरोप
कैबिनेट मंत्री ने सपा पर वोट बैंक की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी के नेता केवल एक वर्ग विशेष को ध्यान में रखकर बयानबाजी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सूर्या चौहान एक 17 वर्षीय युवक था, जिसकी निर्मम हत्या हुई, लेकिन विपक्ष की ओर से उसके परिवार के प्रति संवेदना तक व्यक्त नहीं की गई।राजभर ने यह भी कहा कि प्रदेश में बहुजनों पर हो रहे अत्याचारों को लेकर विपक्ष चुप रहता है, लेकिन अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई होते ही सवाल उठाए जाते हैं। उन्होंने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में “नए यूपी” की कानून व्यवस्था अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है।
Uttar Pradesh: अमीक जामेई ने उठाए थे एनकाउंटर पर सवाल
दरअसल, गाजियाबाद में बकरीद के दिन सूर्या चौहान की हत्या के आरोपी असद को पुलिस ने एनकाउंटर में ढेर कर दिया था। इस कार्रवाई पर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता अमीक जामेई ने सवाल उठाते हुए आरोप लगाया था कि आरोपी को पहले हिरासत में लिया गया और बाद में फर्जी मुठभेड़ दिखाई गई।इसी बयान के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई और ओम प्रकाश राजभर ने सपा नेतृत्व पर तीखा हमला बोला।असद एनकाउंटर को लेकर अब प्रदेश में कानून व्यवस्था और पुलिस कार्रवाई पर बहस तेज हो गई है। एक तरफ सरकार इसे अपराध के खिलाफ सख्त कदम बता रही है, वहीं विपक्ष एनकाउंटर की प्रक्रिया पर सवाल उठा रहा है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा प्रदेश की राजनीति में और अधिक तूल पकड़ सकता है।







