Bengal Election 2026: धर्मेंद्र प्रधान ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रधान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि पिछले 15 वर्षों से राज्य में ऐसी सरकार है जिसने घुसपैठ, राजनीतिक हिंसा, तुष्टिकरण और भ्रष्टाचार को न केवल संरक्षण दिया, बल्कि उसे व्यवस्था का हिस्सा बना दिया।
भय और अव्यवस्था का माहौल
उन्होंने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी के नेतृत्व में तृणमूल कांग्रेस का शासन आज भय, अराजकता और अविश्वास का पर्याय बन चुका है और जनता का भरोसा पूरी तरह टूट गया है।
Bengal Election 2026: राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़ा मुद्दा
प्रधान ने कहा कि बंगाल की सीमाएं देश की सुरक्षा से सीधे जुड़ी हैं और राज्य की नीतियों ने इस चुनौती को और गंभीर बना दिया है। उनके मुताबिक, यह चुनाव केवल सत्ता परिवर्तन नहीं बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा मुद्दा है।
विकास के दावों पर सवाल
उन्होंने ‘सोनार बांग्ला’ के नाम पर जनता के साथ छल का आरोप लगाते हुए सिंडिकेट, कटमनी और भ्रष्टाचार को लेकर सरकार को घेरा। महिलाओं की सुरक्षा, बेरोजगारी, किसानों की स्थिति, स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए।
Bengal Election 2026: अमित शाह ने जारी किया श्वेत पत्र
इस बीच अमित शाह ने कोलकाता में एक श्वेत पत्र जारी किया, जिसे भाजपा ने राज्य की स्थिति पर जनता के आक्रोश और बदलाव की मांग बताया है।
सुवेंदु अधिकारी का दावा
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव की घोषणा के बाद राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है और सभी दल एक-दूसरे पर हमलावर हैं। इसी क्रम में भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी ने भवानीपुर सीट से ममता बनर्जी की 25 से 30 हजार वोटों से हार का दावा किया है।
Bengal Election 2026: बदलाव का दावा
भवानीपुर दौरे के दौरान उन्होंने कहा कि पूरा बंगाल बदलाव की ओर बढ़ रहा है और भाजपा के पक्ष में माहौल बन रहा है। राज्य में चुनावी सरगर्मी तेज है। आरोप-प्रत्यारोप के बीच अब नजर इस बात पर है कि जनता किसके दावों पर भरोसा जताती है।







