Yogi Adityanath: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संतकबीर नगर में आयोजित जनसभा के दौरान कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर जमकर हमला बोला। उन्होंने बिना नाम लिए राहुल गांधी और अख़िलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि लोकतंत्र और संविधान की बात करने वालों को अपने इतिहास को भी याद रखना चाहिए।
‘संविधान का सबसे ज्यादा अपमान कांग्रेस और सपा ने किया’
सीएम योगी ने कहा कि जितना अपमान संविधान का कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने किया है, उतना किसी और ने नहीं किया। उन्होंने कहा कि आज जो लोग संविधान की प्रतियां लेकर लोकतंत्र बचाने का दावा कर रहे हैं, उन्हें अपने पुराने फैसलों और कार्यों को भी जनता के सामने रखना चाहिए।
Yogi Adityanath: 25 जून 1975 को बताया लोकतंत्र का काला दिन
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने 25 जून 1975 को भारत के लोकतांत्रिक इतिहास का काला दिन बताते हुए कहा कि इसी दिन The Emergency (India) लागू किया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय कांग्रेस सरकार ने देश में आपातकाल लगाकर लोकतंत्र का गला घोंट दिया था और नागरिकों के मौलिक अधिकारों को निलंबित कर दिया गया था।योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आपातकाल के दौरान न्यायपालिका की शक्तियों को सीमित कर दिया गया था और मीडिया पर भी कड़े प्रतिबंध लगाए गए थे। उन्होंने कहा कि आज लोकतंत्र और संविधान की रक्षा की बातें करने वालों को 1975 की उस घटना को कभी नहीं भूलना चाहिए।
Yogi Adityanath: 475 करोड़ की परियोजनाओं के बीच सियासी संदेश
इस दौरान मुख्यमंत्री ने संतकबीर नगर जिले में 475 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली 139 विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास भी किया। विकास कार्यों के मंच से दिया गया यह बयान राजनीतिक गलियारों में नई बहस छेड़ सकता है, क्योंकि आने वाले समय में उत्तर प्रदेश की राजनीति में यह मुद्दा और गरमाने के संकेत दे रहा है।
सीएम योगी के इस बयान के बाद उत्तर प्रदेश की सियासत में एक बार फिर बयानबाज़ी तेज होने के आसार हैं। संविधान, लोकतंत्र और आपातकाल जैसे मुद्दों पर शुरू हुई यह बहस आने वाले दिनों में सत्ता और विपक्ष के बीच टकराव को और बढ़ा सकती है।
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