Jharkhand: झारखंड में आगामी राज्यसभा चुनाव को लेकर इंडिया गठबंधन के भीतर मतभेद खुलकर सामने आने लगे हैं। राज्यसभा की दो सीटों के लिए होने वाले चुनाव से पहले झारखंड मुक्ति मोर्चा और कांग्रेस के बीच उम्मीदवार चयन को लेकर टकराव की स्थिति बन गई है। कांग्रेस द्वारा अपने उम्मीदवार की घोषणा के बाद झारखंड मुक्ति मोर्चा ने दोनों सीटों पर अपने प्रत्याशी उतारने का फैसला कर राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है।
कांग्रेस ने घोषित किया उम्मीदवार
राज्यसभा चुनाव के लिए कांग्रेस आलाकमान ने पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के सलाहकार प्रणव झा को उम्मीदवार घोषित कर दिया है। कांग्रेस के इस फैसले के बाद गठबंधन के भीतर समन्वय को लेकर सवाल उठने लगे हैं। झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेताओं का आरोप है कि उम्मीदवार घोषित करने से पहले कांग्रेस ने सहयोगी दल को विश्वास में नहीं लिया। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इस घटनाक्रम से राज्य में इंडिया गठबंधन की एकजुटता पर असर पड़ सकता है।
Jharkhand: जेएमएम ने दोनों सीटों पर दावा ठोका
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय बैठक में झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेताओं, विधायकों, मंत्रियों और सांसदों ने राज्यसभा की दोनों सीटों पर पार्टी उम्मीदवार उतारने की राय दी। पार्टी ने उम्मीदवार चयन का अंतिम अधिकार मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को सौंप दिया है। कैबिनेट मंत्री हफीजुल हसन अंसारी ने भी पुष्टि की है कि पार्टी दोनों सीटों पर दावा पेश करने के पक्ष में है। बैठक में कई वरिष्ठ नेताओं ने अपनी राय रखते हुए कहा कि झारखंड मुक्ति मोर्चा को अपनी राजनीतिक ताकत के अनुरूप प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए।
संख्या बल और चुनावी गणित पर नजर
झारखंड की जिन दो सीटों पर चुनाव होना है, उनमें एक सीट शिबू सोरेन के निधन और दूसरी सीट दीपक प्रकाश का कार्यकाल समाप्त होने के कारण रिक्त हुई है। विधानसभा में झारखंड मुक्ति मोर्चा के 34 विधायक हैं, जबकि कांग्रेस के 16 विधायक हैं। भारतीय जनता पार्टी के पास 21 विधायक हैं। इसके अलावा राष्ट्रीय जनता दल, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माले) और अन्य दलों के विधायक भी मौजूद हैं। पूर्व मंत्री बैजनाथ राम ने कहा कि कांग्रेस के एकतरफा फैसले से गठबंधन के भीतर दूरी बढ़ी है। ऐसे में राज्यसभा चुनाव केवल सीटों की लड़ाई नहीं, बल्कि महागठबंधन की एकता की भी परीक्षा बनता दिखाई दे रहा है।
ये भी पढ़ें…India-Bangladesh Border: अपने ही नागरिकों को लेने से पीछे हटा बांग्लादेश, सीमा पर आमने-सामने BSF और BGB








