Home » बिज़नेस » जेके फैनर के सहयोग से युवाओं को निःशुल्क स्किल ट्रेनिंग के साथ रोजगार

जेके फैनर के सहयोग से युवाओं को निःशुल्क स्किल ट्रेनिंग के साथ रोजगार

Nikola Foundation:

Nicola Foundation:  जेके फैनर, निकोला फाउंडेशन और सार्थक एक नई सोच संस्था के संयुक्त प्रयास से 18 से 30 वर्ष आयु वर्ग के युवाओं और युवतियों को निःशुल्क स्किल ट्रेनिंग के साथ रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें रोजगार के बेहतर अवसर प्रदान करना है। इस कार्यक्रम के तहत युवाओं को ऑटोमोबाइल सेक्टर, जबकि युवतियों को फ्रंट ऑफिस असिस्टेंट की स्किल ट्रेनिंग दी जा रही है। प्रशिक्षण पूर्ण करने के बाद प्रतिभागियों को रोजगार भी उपलब्ध कराया जा रहा है।

हेड ऑफिस में हुआ सर्टिफिकेट वितरण

नोएडा स्थित सार्थक एक नई सोच संस्था के हेड ऑफिस में आयोजित कार्यक्रम में कंपनी की ऑनर आद्या सिंघानिया स्वयं उपस्थित रहीं। उन्होंने सभी प्रशिक्षार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने आगे भी इस तरह की पहल के माध्यम से युवाओं को स्किल ट्रेनिंग और रोजगार उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता जताई।

Nikola Foundation:
Nicola Foundation:

Nicola Foundation: 51 प्रशिक्षार्थियों को मिला लाभ

इस स्किल ट्रेनिंग कार्यक्रम के माध्यम से 30 युवाओं और 21 युवतियों को निःशुल्क प्रशिक्षण एवं रोजगार का अवसर प्रदान किया गया। कार्यक्रम में निकोला फाउंडेशन के सुंदर जी, जेके फैनर के सीएसआर हेड जनार्दन जी, और सार्थक एक नई सोच संस्था के फाउंडर डॉ. संतोष उपाध्याय सहित संस्था के सभी सदस्य मौजूद रहे।

Nicola Foundation: मंच संचालन और आभार व्यक्त

पूरे कार्यक्रम का मंच संचालन सार्थक एक नई सोच के राष्ट्रीय संयोजक पंकज त्रिपाठी ने किया। वहीं, डॉ. संतोष उपाध्याय ने इस सहयोग के लिए जेके फैनर और निकोला फाउंडेशन के सभी सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया।उन्होंने बताया कि सार्थक एक नई सोच संस्था लंबे समय से युवाओं को स्किल ट्रेनिंग और रोजगार से जोड़ने का कार्य कर रही है और अब तक हजारों युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान कर चुकी है। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ और पूरे आयोजन के दौरान प्रशिक्षार्थियों में खासा उत्साह देखने को मिला।

यह भी पढे़ : महिला कैप्टन के आखिरी शब्द ‘ओह शिट… ओह शिट’ जानिए अजित पवार के प्लेन क्रैश से पहले क्या – क्या हुआ