प्रदोष व्रत 1 मार्च का पंचांग: भगवान शिव की कृपा पाने का सबसे शुभ दिन, जानें पूजा का सही समय
रवि प्रदोष व्रत भगवान शिव की कृपा पाने का विशेष दिन है। इस दिन व्रत और पूजा करने से पापों से मुक्ति और जीवन में सुख समृद्धि मिलने की मान्यता है।
रवि प्रदोष व्रत भगवान शिव की कृपा पाने का विशेष दिन है। इस दिन व्रत और पूजा करने से पापों से मुक्ति और जीवन में सुख समृद्धि मिलने की मान्यता है।
जनवरी 2026 का अंतिम प्रदोष व्रत 30 जनवरी को है। इस दिन सुबह स्नान करके शिवलिंग पर गंगाजल, फल, फूल, बेलपत्र, धतूरा और भस्म अर्पित करें। पूजा के बाद प्रदोष व्रत कथा का पाठ करें, भगवान शिव की आरती करें और प्रसाद वितरित करें। इससे पुण्य फल की प्राप्ति होती है और मनोकामनाएँ पूर्ण होती हैं।
प्रदोष व्रत सनातन धर्म में महत्वपूर्ण व्रत है, जो जीवन की परेशानियों को दूर करता है और घर-परिवार में सुख-समृद्धि लाता है। माघ मास में यह व्रत 16 जनवरी 2026 को होगा, विशेष रूप से शुक्रवार के दिन इसे शुक्र प्रदोष कहते हैं।