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माफिया अतीक की कब्जे से मुक्त जमीन पर बनेंगे 602 फ्लैट, CM योगी कल करेंगे शिलान्यास

UP News: प्रयागराज में ‘पद्म लोक आवास योजना’ की शुरुआत, 150 करोड़ रुपये की लागत से बनेगा 14 मंजिला अपार्टमेंट; करीब 30 लाख रुपये में मिल सकता है एक फ्लैट।
माफिया के कब्जे से मुक्त जमीन पर अब आवासीय परियोजना
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज से एक बड़ी खबर सामने आई है। कभी माफिया अतीक अहमद के कब्जे से मुक्त कराई गई जमीन पर अब 602 फ्लैट बनाए जाएंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 15 अक्टूबर को इस परियोजना का भूमि पूजन और शिलान्यास करेंगे। चकिया इलाके में बनने वाली इस आवासीय परियोजना का नाम ‘पद्म लोक आवास योजना’ रखा गया है। प्रयागराज विकास प्राधिकरण (PDA) इस प्रोजेक्ट का निर्माण कराएगा।
UP News:150 करोड़ रुपये की लागत, 14 मंजिला इमारत
इस परियोजना के तहत करीब 9,811 वर्ग मीटर जमीन पर 14 मंजिला आवासीय इमारत तैयार की जाएगी। इसमें कुल 602 फ्लैट होंगे। सभी फ्लैट 2BHK यानी दो बेडरूम, हॉल और किचन वाले होंगे। प्रत्येक फ्लैट का क्षेत्रफल करीब 56.45 वर्ग मीटर निर्धारित किया गया है। परियोजना पर लगभग 150 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
करीब 30 लाख रुपये में मिल सकता है अपना घर
इस योजना की एक अहम बात फ्लैटों की संभावित कीमत है। रिपोर्ट के मुताबिक, एक फ्लैट की निर्माण लागत करीब 25 से 27 लाख रुपये आंकी गई है। रजिस्ट्री और अन्य खर्चों को जोड़ने के बाद इसकी कीमत लगभग 30 लाख रुपये हो सकती है। हालांकि, अंतिम कीमत और आवंटन की शर्तें परियोजना आगे बढ़ने के साथ स्पष्ट होंगी। इस योजना से मध्यम आय वर्ग के उन परिवारों को अपना घर खरीदने का अवसर मिल सकता है, जो शहरी क्षेत्र में आवास की तलाश कर रहे हैं।
UP News:आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा आवासीय परिसर
पद्म लोक आवास योजना के तहत बनने वाले परिसर में पार्किंग, सोलर सिस्टम और वर्षा जल संचयन जैसी सुविधाएं प्रस्तावित हैं। इसके अलावा सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP), स्विमिंग पूल, कम्युनिटी हॉल और कमर्शियल कॉम्प्लेक्स भी बनाया जाएगा। निर्माण कार्य पूरा करने के लिए दो से तीन साल का लक्ष्य रखा गया है।
योगी सरकार की कार्रवाई का क्या है बड़ा संदेश?
इस परियोजना को केवल आवास निर्माण तक सीमित करके नहीं देखा जा सकता। इसका एक महत्वपूर्ण पहलू यह भी है कि पहले अतीक अहमद के कब्जे से मुक्त कराई गई जमीन का इस्तेमाल अब आवासीय विकास के लिए किया जा रहा है। योगी सरकार की माफिया-विरोधी कार्रवाई के संदर्भ में यह कदम प्रशासनिक नियंत्रण और सार्वजनिक उपयोग के लिए जमीन के पुनर्विकास की मिसाल के रूप में देखा जा सकता है। हालांकि, इस योजना की असली सफलता का आकलन निर्माण पूरा होने, फ्लैटों की अंतिम कीमत, पारदर्शी आवंटन और पात्र लोगों को घर मिलने के बाद ही किया जा सकेगा।
UP News:अब आगे क्या?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के शिलान्यास के बाद इस परियोजना के निर्माण की दिशा में अगला कदम बढ़ेगा। अब नजर इस बात पर रहेगी कि निर्माण निर्धारित समय में पूरा होता है या नहीं और करीब 30 लाख रुपये की संभावित कीमत पर कितने परिवार अपने घर का सपना पूरा कर पाते हैं।
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