Meerut News: मेरठ के मवाना क्षेत्र के ग्राम मटोरा में मंगलवार की सुबह एक हृदयविदारक हादसे ने पूरे गांव को शोक में डुबो दिया। छुट्टी पर घर आए सीआरपीएफ सिपाही की गेहूं की बुवाई करते समय रोटावेटर मशीन में फंसकर दर्दनाक मौत हो गई। हादसे की खबर फैलते ही गांव में मातम का माहौल छा गया।
परिवार के साथ समय बिताने घर आया था सिपाही
43 वर्षीय सत्येंद्र जो सीआरपीएफ की 38वीं बटालियन में सिपाही के पद पर तैनात थे जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर में ड्यूटी पर कार्यरत थे। वह तीन दिन पहले रविवार को कुछ समय परिवार के साथ बिताने के लिए अपने गांव आए थे। परिवार और गांव वालों ने भी नहीं सोचा था कि यह छुट्टी उनके जीवन का आखिरी पड़ाव बन जाएगी। मंगलवार की सुबह सत्येंद्र अपने चाचा के बेटे सहदेव के साथ खेत में गेहूं की बुवाई करने पहुंचे थे। खेत की जुताई के दौरान उनका पैर रोटावेटर के ब्लेड में फंस गया और देखते ही देखते मशीन ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। हादसा इतना भयानक था कि मौके पर ही उनकी मौत हो गई। सहदेव और आसपास मौजूद ग्रामीणों ने जब तक मशीन बंद की तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
घटना की सूचना मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। पत्नी बच्चे और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक सिपाही अपने पीछे पत्नी के अलावा बेटा अभिनव और बेटी अंशिका को छोड़ गए हैं। गांव में उनका सम्मानित स्थान था और ग्रामीण उन्हें एक जिम्मेदार व सहयोगी व्यक्ति के रूप में जानते थे।
हादसे की जानकारी पर थाना मवाना पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। लोगों ने गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए परिवार को ढांढस बंधाया और प्रशासन से मुआवजा देने की मांग की।
Report By: यश मित्तल
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