Ayodhya saint threatened: अयोध्या में हिंदू राष्ट्र की मांग को लेकर सक्रिय संत जगद्गुरु परमहंस आचार्य को आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा की ओर से जान से मारने की धमकी मिलने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ गई है। परमहंस आचार्य ने इस संबंध में अयोध्या कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई है और पुलिस को आवश्यक साक्ष्य भी सौंपे हैं।
मोबाइल कॉल पर मिली धमकी की रिकॉर्डिंग
जगद्गुरु परमहंस आचार्य ने बताया कि उनके मोबाइल फोन पर अंतरराष्ट्रीय नंबर से धमकी भरा कॉल आया था। उन्होंने कॉल के दौरान ही बातचीत की रिकॉर्डिंग कर ली, जिसे बाद में पुलिस को सौंप दिया गया। रिकॉर्डिंग में धमकी देने वाला व्यक्ति उन्हें जान से मारने और बम से उड़ाने की बात कहता सुनाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि यह धमकी बेहद गंभीर है और इससे उनकी सुरक्षा को लेकर खतरा बढ़ गया है।
Ayodhya Saint Threatened: हिंदू राष्ट्र की मांग बना कारण
परमहंस आचार्य के अनुसार, जब उन्होंने कॉल करने वाले से धमकी का कारण पूछा तो जवाब मिला कि वे हिंदू राष्ट्र की बात क्यों कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि राम मंदिर आंदोलन और उसके बाद हिंदू राष्ट्र की मांग को लेकर उनकी सक्रियता के कारण वे लगातार आतंकियों के निशाने पर हैं। उनका कहना है कि इस प्रकार की धमकियां उन्हें पहले भी मिलती रही हैं।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
उन्होंने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि पहले उन्हें दो सुरक्षाकर्मी दिए गए थे, लेकिन अब केवल एक ही गनर उनके साथ रहता है। उन्होंने चिंता जताई कि यदि वह भी किसी कारण से दूर हो जाए, तो उनकी सुरक्षा खतरे में पड़ सकती है। उन्होंने कहा कि वर्तमान स्थिति में उन्हें लगातार खतरा महसूस हो रहा है।
Ayodhya Saint Threatened: प्रशासन और सरकार से कार्रवाई की मांग
जगद्गुरु परमहंस आचार्य ने केंद्र सरकार और प्रशासन से इस मामले को गंभीरता से लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सभी साक्ष्य पुलिस को सौंप दिए गए हैं, अब जांच और कार्रवाई करना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने गृह मंत्री से भी हस्तक्षेप कर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है और कहा कि देशहित में काम करने वाले लोगों की सुरक्षा सर्वोपरि होनी चाहिए।








